नवरात्रि केआठवां दिन जगह-जगह हवन-कन्या पूजन और भंडारे हुए

Oct 03 2022

ग्वालियर। अष्टमी के दिन सुबह से ही मंदिरों में भक्तों की अपार भीड़ लगी हुई है। घर-घर में हवन-पूजन हो रहे हैं। कन्याओं का पूजन कर उनसे आशीर्वाद लिया जा रहा है। भंडारों का सिलसिला जगह-जगह चल रहा है। कई बाजारों में प्रतिष्ठान बंद कर प्रसादी वितरित की जा रही है। वहीं मंदिरों में दर्शन करने के लिए भक्त अपनी बारी आने का इंतजार कर रहे हैं। आलम यह है कि भक्तों को घंटों इंतजार करने के बाद महामाई के दर्शन हो रहे हैं। शीतला माता मंदिर में रात होते ही टोलियां पहुंचना शुरू हो गईं और सुबह हजारों की संख्या में श्रद्धालु कतारबद्ध होकर दर्शन करने के लिए खड़े हुए थे। 
लंगुरिया पर महिलाएं नाचते हुए महामाई को मना रही हैं। शहर के देवी मंदिरों में भी भक्तों का अपार जनसमूह उमड़ा हुआ है। हर रोज धार्मिक आयोजन हो रहे हैं। देवी पंडालों में भजन, कीर्तन के साथ देवी जागरण चल रहे हैं। शहर के देवी मंदिरों में तड़के 4 बजे से महामाई के भक्त पदयात्रा करते हुए पहुंचना शुरु हो गए और देवी माई की पूजा अर्चना कर परिवार की खुशहाली मांग रहे हैं। व्रतधारी बाजार में जाकर खरीदारी करते हुए नजर आ रहे हैं जिससे वह कन्याओं को उपहार दे सकें। 
आज नवमी को पूजा के साथ विदा होंगी माता
ज्योतिषाचार्य सुनील चोपड़ा ने बताया कि आज मंगलवार को नवमी नवरात्रि पूजा का आखिरी दिन होता है। इस दिन मां दुर्गा की षोडशोपचार पूजा करने के बाद हवन किया जाता है। नवरात्रि की महानवमी के दिन मां सिद्धिदात्री की पूजा होती है। मां दुर्गाजी की नौवीं शक्ति का नाम सिद्धिदात्री हैं। ये सभी प्रकार की सिद्धियों को देने वाली हैं। नवरात्र-पूजन के नौवें दिन इनकी उपासना की जाती है। इस दिन शास्त्रीय विधि-विधान और पूर्ण निष्ठा के साथ साधना करने वाले साधक को सभी सिद्धियों की प्राप्ति हो जाती है।