चैंबर ने कहा निर्णय होने तक ग्वालियर में कचरा शुल्क स्थगित रखें

Sep 02 2022

ग्वालियर। व्यापारियों और उद्योपतियों पर कचरा शुल्क (गार्बेज टैक्स) लगाए जाने को लेकर चैंबर लंबे समय से लड़ाई लड़ रहा है। नगर निगम परिषद के गठन से पूर्व मार्च में चैंबर ने अन्य शहरों का तुलनात्मक अध्ययन पर कचरा शुल्क को संशोधित करने की मांग निगायुक्त से की थी। निगमायुक्त ने इस संबंध में प्रमुख सचिव और आयुक्त नगरीय प्रशासन को पत्र लिखा था। अभी तक संबंध में कोई निर्णय नहीं हो सका है। इसी मांग को लेकर चैंबर पदाधिकारियों का दल महापौर शोभा सिकरवार से मिला और निर्णय होने तक कचरा शुल्क स्थगित रखने की बात कही। इस पर महापौर ने कहा कि आपकी मांग व्यापक जनहित की है। इस पर एमआइसी (मेयर इन काउंसिल) से प्रस्ताव पास कराकर परिषद में रखा जाएगा।
चैंबर अध्यक्ष विजय गोयल और सचिव प्रवीण अग्रवाल के नेतृत्व में एक दल ने महापौर शोभा सिरकवार से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में कहा गया कि ग्वालियर में गारबेज शुल्क की दरों को प्रमुख सचिव एवं आयुक्त नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग मप्र शासन भोपाल को भेजे गए प्रस्ताव के अनुसार लागू किया जाए। शहरवासियों को छह प्रतिशत छूट के साथ संपत्ति कर जमा करने के लिए एक माह का समय दिया जाए। कचरा शुल्क पर निर्णय होने तक बिना गारबेज शुल्क के संपत्ति कर जमा करने के निर्देश निगम अधिकारियों को दिए जाएं। मप्र शासन के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग द्बारा सूचना के अधिकार के तहत दी गई प्रमाणित जानकारी अनुसार औद्योगिक क्षेत्रों को संपत्ति कर से मुक्त रखा जाए। व्यापारियों से मुलाकात में महापौर ने कहा आपके द्बारा ज्ञापन के माध्यम से जिन बिंदुओं को उठाया गया है, वे शहर विकास व शहर की जनता को राहत देने वाले हैं। आपकी मांगें जायज हैं। आप निश्चिंत रहें। प्रतिनिधि मंडल में कोषाध्यक्ष बसंत अग्रवाल भी मौजूद थे।