कैदी भाइयों की कलाई पर राखी बांध कर बहनों ने मांगा वचन अपराध से रहना दूर

Aug 12 2022

ग्वालियर। गत गुरूवार को भद्रा होने के कारण रात्रि 8:25 से रक्षाबंधन पर्व मनाया गया। ऐसे में जिन बहनों ने गत गुरूवार को रक्षाबंधन पर्व नहीं मनाया उन बहनों ने शुक्रवार सुबह-सुबह अपने भाईयों को रक्षासूत्र बांधकर पर्व को उत्साह के साथ मनाया। वहीं भाईयों ने भी बहनों को उनकी पसंद के अनुरूप उपहार दिए और उनकी रक्षा का संकल्प लिया। 
जेल में भी रही बहनों की भीड़ 
कैदी भाइयों की कलाई पर राखी बांध कर बहनों ने मांगा वचन अपराध से रहना दूर
प्रदेश के गृह मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा द्वारा किए गए आदेश के तहत जेल में राखी बांधने पर लगाया गया प्रतिबंध हटा दिया गया है। जिसके तहत शुक्रवार को सेंट्रल जेल ग्वालियर में भी व्यापक सुरक्षा इंतजामों के बीच भाई बहन का त्योहार यहां मनाया गया। जिसकी जानकारी पाकर शुक्रवार को जेल में बहनों की भारी भीड़ पहुंची यहां बहनों ने अपने बंदी भाइयों के लिए अपराध जगत से दूरी बनाने का संकल्प कराया। इस दौरान कई भाई बहनों की आंखें नम नजर आई।
आपको बता दें जेल में गुरुवार की सुबह महिलाएं अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांधने और मिठाई खिलाने के लिए पहुंची थी। लेकिन जेल में अनुमति नहीं होने के कारण महिलाएं प्रवेश नहीं कर सकी। गत देर शाम गृह मंत्रालय का आदेश मिला, तब तक जेल बंद होने का समय हो गया था। बाद में जेल के अधिकारियों ने महिलाओं को शुक्रवार सुबह 9 बजे से राखी बांधने का समय दिया। महिलाओं ने शुक्रवार को जेल में पहुंचकर भाइयों की कलाई पर राखी बांधी। हालांकि मिठाई और राखियों पर बाहर से लाना प्रतिबंध रखा गया था। जिस पर जेल परिसर में जेल में ही बनी राखी और मिठाई बहनों को खरीददारी स्वरूप दी गई। जिसमें लड्डू की रेट 50 व राखी 10 में दी गई। उधर बहनों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना ना करना पड़े इसके लिए जेल प्रबंधन ने व्यापक प्रबंध किए और बारी-बारी से बहनों को अपने भाईयों से मिलने दिया।