पीजीव्ही कॉलेज परिसर में पार्वती खेल अकादमी और चिकटेजी खेल संकुल का लोकार्पण हुआ

Jul 24 2022

ग्वालियर। मध्यभारत शिक्षा समिति ग्वालियर द्वारा पार्वती बाई गोखले विज्ञान महाविद्यालय गैंडेवाली सड़क के भव्य परिसर में पार्वती खेल अकादमी का शुभारंभ और चिकटेजी खेल संकुल का लोकार्पण राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्व सह सरकार्यवाह सुरेश सोनी एवं हरियाणा के पूर्व राज्यपाल प्रो. कप्तान सिंह सोलंकी एवं मध्यप्रदेश लोकसेवा आयोग के पूर्व अध्यक्ष अशोक पाण्डेय के करकमलों से नगर के खेल प्रेमियों व गणमान्य व्यक्तियों के सानिध्य में हुआ।
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा सरस्वती पूजन एवं दीपप्रज्वलन के साथ किया गया। सरस्वती वंदना माधव महाविद्यालय के संगीत विभाग के विद्यार्थियों ने प्रस्तुत की जबकि एकलगीत तेजस भाटे ने लिया। मध्यभारत शिक्षा समिति का प्रतिवेदन वाचन समिति के अध्यक्ष प्रो. राजेन्द्र बांदिल ने किया।
पार्वती खेल अकादमी का शुभारंभ और चिकटेजी खेल संकुल का लोकार्पण करते हुए आरएसएस के पूर्व सह सरकार्यवाह सुरेश सोनी ने कहा कि खेलों से विद्यार्थियों का समग्र विकास होता है। आज हम राष्ट्र की आजादी का अमृतमहोत्सव मना रहे हैं । उस संदर्भ में भी ऐसे खेल संकुलों का निर्माण उपयोगी सिद्ध होगा। 2047 में देश कैसा होगा यह हमारे चिंतन का विषय होना चाहिए। खेल केवल शारिरिक खेल मातृ नहीं है खेल जीवन के उतार चढ़ाव से भी हमें मजबूत बनाता है। राष्ट्र निर्माण में शिक्षा सबसे बड़ा माध्यम है। किसी कार्यक्रम को प्रारम्भ करने की प्रेरणा ही कार्य को शिखर तक पहुंचाती है। स्वामी जी भी राष्ट्र निर्माण में खिलाडिय़ों की भूमिका को महत्वपूर्ण मानते थे। खेलों के माध्यम से भी हम भारत की दृष्टी को ध्यान में रखकर योजना बना सकते हैं जहां मूल्य आधारित खेलों का आयोजन भी किया जाना चाहिए। शिक्षा की पूर्णता इसी में है जब वह व्यक्ति का समग्र निर्माण कर सके।
अपने उद्बोधन में पूर्व राज्यपाल प्रो. कप्तान सिंह सोलंकी ने कहा कि चिकटे जी खेल संकुल का निर्माण खेल संस्कार की दृष्टि से ग्वालियर नगर में यह अद्वितीय और अनुकरणीय पहल है। खेलों के विकास के संदर्भ में ग्वालियर महानगर के लिए यह बहुत बड़ी उपलब्धि है। बाबा साहब गोखले  के जन अभियान को मध्यभारत शिक्षा समिति आगे बढ़ा रही है जो शिक्षा संस्कृति की दृष्टि से बहुत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि भारत सरकार के खेलो इण्डिया के विचार को सार्थक करने के लिए यह एक अनुकरणीय पहल है । प्रो. सोलंकी ने कहा कि मुझे विश्वास है कि राष्ट्रीय आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए मध्यभारत शिक्षा समिति अपनी उल्लेखनीय भूमिका का निर्वहन करेगी ।
खेल अकादमी और खेल संकुल प्रारम्भ करने के पीछे समिति का यही उद्देश्य है कि ग्वालियर अंचल के उन सभी प्रतिभावान खिलाडिय़ों को अवसर मिले जो सुविधाओं के अभाव में अपना सर्वश्रेष्ठ देने से वंचित रह जाते हैं। खिलाडिय़ों के मार्गदर्शन के लिए योग्य व निष्ठावान खेल प्रशिक्षक अकादमी में उपलब्ध रहेंगे। इस हेतु उच्चस्तरीय गुणवत्ता युक्त खेल उपकरण व अन्य सुविधाएं भी दी जाएंगी। एक अगस्त 2022 से यह सुविधा प्रारम्भ हो जाएगी ।
इस मौके पर मध्यभारत शिक्षा समिति के विभिन्न संस्थानों में अध्ययनरत रहे राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी रीना खोखर, नेहा रावत, करिश्मा यादव, मंजीत कौर, रीना राठौर, नवदीप कौर, स्वाति (हॉकी), रजनी झा (तैराकी), राजेन्द्र टेम्बे, पंकज खोले, गुरुशरण सिंह, प्रदीप यागयिक (क्रिकेट), दुर्गा पाल (सॉफ्टवॉल) को शॉल-श्रीफल एवं प्रशस्ति पत्र देकर अतिथियों द्वारा सम्मानित किया गया। 
इस अवसर पर मध्यभारत शिक्षा समिति के विभिन्न शिक्षण संस्थानों से सेवानिवृत्त प्राध्यापक एवं कर्मचारियों को भी उनकी सेवाओं की स्मृतियों को यादगार बनाने के लिए सम्मानित किया गया। इनमें माधव महाविद्यालय के क्रीड़ाधिकारी डॉ. केके कल्याणकर, भूगोल विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. रंजना दीक्षित, पीजीव्ही महाविद्यालय के चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी देवेन्द्र सैन्या व महेन्द्र प्रसाद श्रीवास्तव को शॉल-श्रीफल देकर सम्मानित किया गया।
इस दौरान अतिथियों द्वारा शिक्षा समिति की स्मारिका "दृष्टि-पत्र" का विमोचन भी किया गया। लोकार्पण समारोह की स्मृतियों को स्थाई बनाने के लिए अतिथियों द्वारा महाविद्यालय परिसर में पौधरोपण भी किया। समिति के अध्यक्ष प्रो. राजेन्द्र बांदिल एवं सचिव अरुण अग्रवाल द्वारा अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट किए गए। कार्यक्रम का संचालन डॉ. विनीता जैन व डॉ. कल्पना शर्मा ने तथा आभार प्रदर्शन समिति के सचिव अरुण अग्रवाल द्वारा किया गया।
इस अवसर पर पूर्व मंत्री रुस्तम सिंह, यशवंत इन्दापुरकर, लोकेन्द्र पराशर, डॉ. नीतेश शर्मा, नरेन्द्र कुंटे, डॉ. राकेश सिंह कुशवाह, बसंत कुंटे, श्रीकांत विटवेकर, वृन्दावन लुडेले, कल्याण सिंह कौरव, डॉ. अजय पाटिल, डॉ. सुधीर चतुर्वेदी, श्रीमती जाई शेजवलकर, डॉ.विवेक खेड़कर, प्रांशु शेजवलकर, अजय हार्डिकर, मधुसूदन भदौरिया, डॉ.अल्केश त्रिपाठी, श्रीमती योजना शुक्ला, डॉ. संजय रस्तोगी, डॉ. विजय गुप्ता, डॉ. नीति पाण्डेय, डॉ. विवेक भदौरिया, नरेश शर्मा एवं श्रीमती अनिता करकरे सहित नगर के गणमान्य नागरिक, पत्रकार, राजनेता, शिक्षाविद आदि उपस्थित रहे।