जीवन में अच्छाइयां देरी से आती हैं, बुराई बहुत जल्दी से आती है-मुनिश्री

Jul 22 2022

ग्वालियर। विकास की दौड़ में आदमी विकारों की ओर बढ़ा रहा है। जीवन में अच्छाइयां देरी से आती हैं और जाने में देर नहीं करती और बुराइयां बहुत जल्दी आती हैं और बहुत मुश्किल से जाती हैं। कर्म को धर्म के साथ करो, धर्म को कर्म के साथ नहीं। सांसारिक पदार्थों से विरक्ति होने पर हम सच्चे सुख की राह पकड़ेंगे, जिसे शरीर से विरक्ति और आत्मा से मोह हो जाए, उसी जीव का जीवन में कल्याण होना निश्चित है। यह विचार श्रमण मुनिश्री विनय सागर महाराज ने शुक्रवार को साधनमय बर्षयोग समिति व मुख्य संस्था पुलक मंच परिवार ग्वालियर के ओर से माधवगंज स्थित चातुर्मास स्थल अशियाना भवन में धर्मसभा को संबोधित करते हुए कही।
मुनिश्री ने कहा कि आज के आदमी का दु:खी होने का सबसे बड़ा कारण है आवश्यकताएं पूरी होने पर आसक्ति की ओर भागना। रोटी, कपड़ा और मकान यह होती हैं आवश्यकताएं और जैसा सामने वाले का मकान है, वैसा ही मकान होना चाहिए, यह होती है आसक्ति। जीवन का उद्देश्य सफलता, संपन्नता ही नहीं, प्रसन्नता का होना चाहिए। सफलता संपन्नता का मार्ग है। प्रसन्नता मंजिल है और जिस रास्ते पर मंजिल न मिले, वह रास्ता किस काम का।
मुनिश्री ने कहा कि अच्छा व बुरा भगवान, गुरू, दुश्मन, माता, पिता कोई नहीं बना सकता। केवल कर्म ही है जो मनुष्य को अच्छा व बुरा बनाते हैं। भगवान जिस दिन चाहे मै अच्छा हो जाऊंगा, यह सोच मनुष्य की मिथ्या धारणा है। हमारी जिन्दगी स्वयं के हाथों में हैं, दूसरे तो निमित मात्र हैं। देव, शास्त्र व गुरू तो दर्पण के समान है जो सदैव सच्चाई दिखाते हैं। निमित बुद्धि कभी शांति नहीं देती। दु:ख के समय भगवान, गुरू व माता पिता के पास जाते हैं तो वह उनका अपमान है। सदैव दूसरों के अधीन नही रहना चाहिए। जीवन में स्वयं के साथ कोई गलत हो रहा है उसकी जिम्मेदार स्वयं हूं, ये मान लोगे तो जिन्दगी में खुशी व शांति आ जाएगी। जीवन में सफल होना है तो माता-पिता के लिए नौकर मत लगाना, स्वयं नौकर बन जाना। सच्चा बेटा वही है जो माता-पिता के कार्य स्वयं करे। पुण्य का उदय सुख होना चाहिए।
जैन समाज के प्रवक्ता सचिन जैन ने बताया कि मुनिश्री विनय सागर महाराज के सानिध्य में 2022 के चातुर्मास कार्यक्रम की पत्रिका विमोचन साधनमय बर्षयोग समिति के मुख्य संयोजक मनोज जैन कॉलेज, अध्यक्ष कमलेश जैन, चक्रेश जैन, अनिल शाह, अशोक जैन पोली, जितेंद्र जैन, वीरेंद्र जैन, ज्योतिचार्य हुकुमचंद जैन, हरीशचंद जैन एवं महिला मंडल ने सामूहिक रूप से विमोचन किया। वही महिलाओ ने मुनिश्री को जिनावाणी शास्त्र भेट व गुरुभक्तों ने चरणों का पादप्रक्षालन किया।
मुनिश्री के चातुर्मास कलश स्थापना समारोह कल, बाहर से आएंगे गुरुभक्त
जैन समाज के प्रवक्ता सचिन जैन ने बताया कि 24 जुलाई को प्रात: दोपहर 1 बजे से माधवगंज स्थित चातुर्मास स्थल अशियाना भवन में साधनमय पावन बर्षयोग संमिति व मुख्य सहयोगी संस्था पुलक मंच परिवार ग्वालियर के तत्वावधान श्रमण मुनिश्री विनय सागर महाराज ससंघ के चातुर्मास कलश स्थापना कार्यक्रम आयोजित होगा।