भगवान भुवन भास्कर को अर्घ्यदान कर शहरवासियों ने की सुख समृद्धि व स्वच्छता की कामना

Apr 02 2022

ग्वालियर। चैत्र शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा दो अप्रैल को गुड़ी पड़वा यानी हिंदू नव वर्ष शनिवार को मनाया गया। नगर निगम द्वारा शनिवार को नलनाम नवसवंत्सर के स्वागत के लिए नव संवत्सर महोत्सव का आयोजन किया गया, जिसमें शहर के सैकड़ों गणमान्य नागरिकों द्वारा नूतन वर्ष पर भगवान भुवन भास्कर की प्रथम किरण को अर्घ्यदान देकर नये वर्ष का स्वागत किया। इस दौरान ग्वालियर शहर के विकास, ग्वालियर शहर को स्वच्छता में नम्बर 1 बनाने एवं नागरिकों की सुख समृद्वि की कामना की। इस अवसर पर सांसद विवेक नारायण शेजवलकर, संभागीय आयुक्त आशीष सक्सैना, निगमायुक्त किशोर कन्याल, पूर्व महापौर समीक्षा गुप्ता, संगीत विश्वविद्यालय के कुलपति साहित्य कुमार नाहर, भाजपा जिलाध्यक्ष कमल माखीजानी, पूर्व सभापति राकेश माहौर सहित बड़ी संख्या में शहर के गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
नगर निगम ग्वालियर एवं संस्कार भारती के संयोजन में फूलबाग स्थित जलविहार के मनमोहक परिसर में आयोजित नव सवंत्सर महोत्सव का शुभारंभ प्रात: 4.40 बजे, संकीर्तन यात्रा के साथ किया गया। इसके पश्चात सुश्री लक्ष्मी धवल द्वारा शुभारंभ गीत ज्योति कलश छलके... की प्रस्तुति दी गई। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्जवलन कर किया गया। संस्कार भारती के कलाकारों द्वारा जैन वाणी प्रार्थना की प्रस्तुति दी गई। वैदिक ऋचाओं का वाचन डॉ विष्णु नारायण तिवारी द्वारा किया गया। इसके साथ ही माधव संगीत महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं द्वारा संकल्प गीत की प्रस्तुति दी गई जिसमें हम करें राष्ट्र आराधन....... की प्रस्तुति दी गई। 
कार्यक्रम में 5.30 मिनट पर संध्या प्रमोद बापट समूह द्वारा सितार वादन की प्रस्तुति दी। उसके बाद वैदिक मंत्रोच्चार के साथ शंख ध्वनि के साथ भगवान भुवन भास्कर की प्रथम रश्मि को अर्घ्यदान देकर शहर के विकास एवं जगत कल्याण की कामना के साथ जलबिहार परिसर में उपस्थित सैकड़ों की संख्याओं में गणमान्य नागरिकों द्वारा दी गई। 
कार्यक्रममें सांसद विवेक नारायण शेजवलकर द्वारा शहरवासियों को नूतन वर्ष की शुभकामनाएं एवं संदेश दिया। जिसमें सांसद शेजवलकर ने कहा कि आज सृष्टि के सृजन का दिवस है। अब नूतन वर्ष में हमारे सामने सबसे महत्वपूर्ण चुनौती हैं, जिसमें हम सभी को स्वच्छता की आदत को अपने जीवन में शुमार करने की आदत डालनी होगी।
निगमायुक्त किशोर कन्याल द्वारा नव संवत्सर का शुभकामना संदेश देते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति एवं परम्परा को बढ़ावा देने तथा देश की युवा पीढ़ी को भारत की परम्पराओं से अवगत कराने व भारतीय संस्कारों को सिंचित करने के लिये नगर निगम ग्वालियर द्वारा प्रतिवर्ष हिन्दू नववर्ष नव सवंत्सर महोत्सव के रूप में मनाया जाता है। इसी क्रम में नगर निगम द्वारा इस वर्ष नलनाम नवसंवत्सर स्वागतोत्सव कार्यक्रम का दो दिवसीय आयोजन जलविहार के तैरते रंगमंच पर आकर्षक फव्वारों की शीतल फुहारों के बीच किया गया। आज सृष्टि के सृजन का दिवस है तथा नवसंवत्सर नए संकल्प लेने का अवसर है। आज इस नए वर्ष के अवसर पर हम सभी को अपने शहर ग्वालियर को देश का सबसे स्वच्छ शहर बनाने का संकल्प लेना चाहिए। यह चुनौतीपूर्ण तो है लेकिन असंभव नहीं। हम सभी को अपने भीतर स्वच्छता की आदत को डालना होगा और पूरे शहर में स्वच्छता का माहौल बनाना होगा। निगमायुक्त कन्याल ने सभी को स्वच्छता की शपथ दिलाई।
इसके पश्चात कार्यक्रमों में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां प्रांरभ की गई जिसमें प्रमुख पारंपरिक वाद्यों की संगत लोक वाद्य कचहरी की प्रस्तुति कल्पना विनोद मिश्रा दतिया द्वारा दी गई। इसके साथ ही आजादी के अमृत महोत्सव के तहत शिखा डांस अकादमी एवं मानव महंत के निर्देशन में 75 कलासाधकों द्वारा नृत्यांजलि की प्रस्तुति दी गई। तथा तृप्ती जैन एवं उनके समूह द्वारा महाराष्ट्र का लोकनृत्य गोंधल की मनमोहक प्रस्तुति दी गई। नव सवंत्सर स्वागतोत्सव महोत्सव के अवसर पर जलबिहार परिसर में संस्कार भारती सामाजिक संस्था के अनेक पदाधिकारीगण एवं अन्य सामाजिक संस्थाओं के पदाधिकारी व अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
नलनाम नवसवंत्सर स्वागोत्सव की अगली श्रृंखला में शनिवार सायंकाल लोक कला महोत्सव का आयोजन किया गया। जिसमें 7 बजे दीप प्रज्जवलन, 7.05 बजे ध्येय गीत, 7.10 बजे सहरिया लोकनृत्य इंदरसिंह आदिवासी, 7.30 बजे फरुवाही लोकनृत्य विजय यादव ने प्रस्तुत किया।
नव वर्ष के स्वागत के लिए सुबह से ही लोगों ने कार्यक्रम शुरू किए। लोगों ने सूर्य नमस्कार के साथ नव संवत्सर का स्वागत किया। साथ ही शहर में लोग कटौराताल सहित अन्य सरोवरों पर नए साल का स्वागत करने के लिए पहुंचे। इस दौरान लोगों ने एक दूसरे को नए साल की बधाई दी। नए साल पर लोग एक दूसरे को बधाई भी दी। इसके लिए आमने सामने तो बधाई दे ही रहे थे। साथ ही इंटरनेट मीडिया का भी उपयोग कर रहे थे।
 नव संवत्सर के स्वागत में विभिन्न सामाजिक संगठनों ने ना केवल कार्यक्रम आयोजित किए, बल्कि झंडे भी लगाए। शहर में मुख्य चौराहों सहित डिवायडरों पर भगवा रंग के झंडे लगाए गए थे। साथ ही जगह जगह बैनर पोस्टर से भी लोगों को नव वर्ष की शुभकामनाएं दी।