जनरल का टिकट लेकर स्लीपर में हुए सवार, बस ठसाठस, ट्रेनों में जगह नहीं

Mar 17 2022

ग्वालियर। दो साल के लंबे अंतराल के बाद कोरोना संक्रमण की पाबंदियां हटने के बाद इस बार होली का त्योहार हर कोई अपने परिवार के साथ मनाने को व्याकुल है, ऐसे में बीती रात से शहर से जाने वाले हजारों लोगों का रेलवे व बस स्टैण्ड पहुंचना शुरु हो गया और जिसे जैसा साधन मिला वह ट्रेन व बसों में सवार होकर अपने गंतव्य शहरों के लिए रवाना होते देखे गए।
रंगों का पर्व अपने परिवार के साथ मनाने के लिए हर व्यक्ति घर आ रहा है, तो कोई जा रहा है। ट्रेनों में भीड़ का आलम यह है कि दिल्ली, मुम्बई पुणे जैसे बड़े शहरों से आने वाली सभी ट्रेनों के स्लीपर कोच से लेकर जनरल कोचो में पैर रखने तक की जगह मुसाफिरों को नहीं मिल रही है। हालांकि होली के त्योहार पर परेशानी से बचने के लिए हजारों परिवारों ने पहले ही आरक्षित टिकट बुक करा रखा था।
लेकिन रिजर्वेशन कोचों में भी लोगों को आरक्षित टिकट होने के बाद भी सीट नहीं मिल रही थी। ट्रेनों में घुसने से लेकर उतरने को लेकर मारामारी हो रही है। नई दिल्ली व भोपाल रेल मार्ग पर चलने वाली तमाम ट्रेनों के स्लीपर कोच जनरल कोच में तब्दील हो गए। ऐसे में यात्रियों को अपनी आरक्षित सीट साझा करना पड़ी। यही हाल बसों का भी रहा। बसों में भी जाने वालों की भीड़ बेकाबू दिखाई दे रही है।
सीट न मिलने पर खड़े होकर की यात्रा
होली की पूर्व संध्या पर रेलवे स्टेशन से घर पहुंचने वाले यात्रियों की भीड़ रही। यात्रियों को सफर में सीट नहीं मिली। बस व ट्रेनों में लोग खड़े होकर यात्रा करते दिखाई दिए। खिड़की से अंदर जाने में ही लोगों को धक्कामुक्की तक करनी पड़ी। होली में स्पेशल ट्रेनों का स्टापेज न होने की वजह से यात्रियों को ज्यादा परेशानी उठानी पड़ी।
किराए की टैक्सियों का टोटा
शहर में एक सैकड़ा से अधिक टूर एण्ड ट्रैवल्स एजेंसी संचालित हो रही है। ऐसे में जहां सैकड़ों लोग अपने निजी चार पहिया वाहनों से शहर से बाहर रहने वाले परिजनों के साथ होली मनाने के लिए बीती रात से ही शहर से रवाना होते दिखे वहीं किराए की कार की अग्रिम बुकिंग होने के कारण बीते रोज से ही किराए पर कार मांगे दाम देने के बाद भी उपल?ध नहीं होने के कारण लोगों को अपनी यात्रा रद्द करने को मजबूर होना पड़ा।
आरपीएफ ने चलाया चेकिंग अभियान
बीते रोज से ही स्टेशन पर यात्रियों की बढ़ती भीड़ को काबू करने के लिए आरपीएफ-जीआरपी को जमकर मशक्कत करनी पड़ी। जनरल टिकट विंडो पर यात्रियों की भीड़ अधिक होने के कारण कई बार यात्री बिना टिकट लाइन में लगे लोगों से उलझते दिखाई दिए। लोगों के बीच मुंहवाद होता देख मौके पर मौजूद आरपीएफ व जीआरपी स्क्वाड ने बीच बचाव कर लोगों को शांत कराया। वहीं यात्रियों को असामाजिक तत्वों से सुरक्षा देने के लिए आरपीएफ जवान स्टेशन से लेकर रनिंग ट्रेनों में ही नहीं बल्कि सर्कुलेटिंग एरिया में हाई अलर्ट मोड पर दिखाई दिए।