हिंदू संगठन निकाल रहे थे भगवा रैली, पुलिस ने किया 15 को गिरफ्तार कर पुलिस लाइन भेजा

Feb 15 2022

ग्वालियर। मंगलवार शाम फूलबाग इलाके में उस समय हंगामे की स्थिति बन गई जब कुछ हिंदू संगठन भगवा रैली निकालने पर अमादा हो गए। हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार के विरोध में हिंदू संगठन फूलबाग से रैली निकाल रहे थे पर तभी प्रशासन और पुलिस वहां पहुंच गई। पुलिस ने जुलूस न निकालने के लिए कहा, लेकिन हिंदू संगठन नहीं माने।
जिस पर पुलिस फोर्स की निगरानी में मौके से हिंदू नेता राजा चौहान सहित 15 लोगों को गिरफ्तार कर पुलिस लाइन भेजा गया है। पुलिस का कहना था कि धार्मिक स्थल पर पूजा अर्चना कभी भी कर सकते हैं, लेकिन रैली बिना परमिशन नहीं निकाल सकते हैं। पुलिस के अनुसार रैली की परमिशन नहीं थी, लेकिन संठगन के अनुसार उन्होंने सूचना दी थी।
मंगलवार को अखंड भारत हिंदू एकता संगठन के नेता राजा चौहान के नेतृत्व में आधा सैकड़ा सदस्य फूलबाग चौराहा पर एकत्रित हुए थे। यहां से वह हिंदुओं की रक्षा में एक भगवा रैली निकालकर राम मंदिर पर पूजा अर्चना करने वाले थे। यहां अखंड भारत हिंदू एकता संगठन के मुखिया राजा चौहान ने बताया था कि देश में कई जगह हिंदु प्रताडि़त हो रहा है। कुछ लोग हिजाब को मुद्दा बना रहे हैं। ऐसे में हिंदुत्व खतरे में है। भगवा रैली की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस के अफसर मौके पर पहुंच गए। हिंदू संगठन के नेताओं को समझाने का प्रयास किया। उनको समझाया गया कि किसी भी तरह माहौल को नहीं बिगाडऩे दिया जाएगा। साथ ही रैली निकालने से रोका गया, लेकिन अखंड भारत हिंदू एकता संगठन किसी भी तरह पीछे हटने को तैयार नहीं था। जिसके बाद पुलिस को जबरन वहां से कुछ लोगों को गिरफ्तार करना पड़ा। पुलिस ने पुलिस बल का प्रयोग करते हुए राजा चौहान सहित करीब 15 लोगों को गिरफ्तार कर पुलिस लाइन भेज दिया है। वहां बॉन्ड भरवाकर उन्हें छोड़ दिया गया।
अखंड भारत हिंदू एकता संगठन का संचालक कर रहे राजा चौहान के बारे में बता दें कि 2 अप्रैल 2018 में ग्वालियर में हुए जातिगत दंगे में छत पर चढ़कर दूसरे पक्ष पर रिवाल्वर से फायरिंग करते हुए राजा चौहान का वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुआ था। जिससे दंगा करने वाले लोगों पर काबू पाया जा सका था। इसी घटना के बाद वह चर्चित हुए और कुछ धार्मिक संगठन से जुड़े हैं।
हिंदू वादी नेताओं की गिरफ्तारी पर एएसपी शहर राजेश डंडौतिया का कहना है कि रैली निकालने की कोशिश कर रहे संगठन पर रैली की परमिशन नहीं थी, इसलिए उनको रोका गया नहीं माने तो गिरफ्तार कर पुलिस लाइन भेजा गया है। जबकि अखंड भारत हिंदू एकता संगठन की ओर से राजा चौहान का कहना है कि उन्होंने पुलिस और प्रशासन को भगवा जुलूस की सूचना दी थी।