अन्नकूट में बंटी बदबूदार सब्जी पर अध्यक्ष का इस्तीफा

Dec 01 2021

ग्वालियर। अचलेश्वर न्यास समिति अध्यक्ष हरिदास अग्रवाल ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। वे सोमवार को अचलेश्वर महादेव पर आयोजित अन्नकूट समारोह में फैली अव्यवस्थाओं से दुखी थे। ऐसा उन्होंने कलेक्टर को भेजे गए त्यागपत्र में लिखा है। हरिदास अग्रवाल का यह त्यागपत्र इंटरनेट मीडिया पर भी वायरल हुआ, जो चर्चा का विषय बना। दरअसल, सोमवार को आयोजित हुए शहर के सबसे बड़े अन्नकूट समारोह में 50 हजार से अधिक भक्तों में प्रसादी वितरित होना था। अन्नकूट बनाने की तैयारियां दो दिन पहले ही शुरू हो गई थीं। न्यायालय के आदेशानुसार भंडारे की तैयारी जिला प्रशासन की देखरेख में होनी थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अन्नकूट के जल्दी तैयार होने और रामभाजा को गरम-गरम पैक कर देने से वह खराब हो गया। जिन भक्तों भंडारा पैकिंग में मिला उन्होंने जब घर जाकर उसे खोला तो रामभाजा में से बदबू आ रही थी। यह बात इंटरनेट मीडिया से हर व्यक्ति तक पहुंच गई।
प्रशासन से किया था आग्रह 
अचलेश्वर न्यास के अध्यक्ष हरिदास अग्रवाल ने बताया कि उन्होंने प्रशासन से व्यवस्था बनाने के लिए आग्रह किया था। बीते साल अधिक भीड़ हो जाने से व्यवस्था भंग हो गई थी। पिछली बार की तरह भक्तों को परेशानी न आए। इस लिए प्रशासन से व्यवस्था बनाने का आग्रह भी किया। इसके चलते न्यास ने पुलिस व्यवस्था कराने के लिए सांसद विवेक नारायण शेजवलकर, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सुनील शर्मा, जयवीर भारद्वाज आदि को फोन किया। रात करीब 10 बजकर 30 मिनट पर पुलिस प्रशासन नटराज भवन पहुंचा। पत्र में लिखा है कि अध्यक्ष होने के नाते पहले चरण में जिन भक्तों के घर बदबूदार रामभाजा पहुंचा, उसके लिए अध्यक्ष होने के नाम वे जिम्मेदार हैं। वे अपना इस्तीफा कलेक्टर कार्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों को सौंपते हैं।
45 भक्तों की वीडियोग्राफी
अचलेश्वर न्यास के अन्नकूट में खराब सब्जी की बात सामने आने के बाद एसडीएम लश्कर अनिल बनवारिया ने फूड एंड सेफ्टी टीम ने अन्नकूट के दो सैंपल कराए। यह लीगल सैंपल जांच के लिए भोपाल भेज दिए गए हैं। वहीं अन्नकूट प्रसादी खाने के दौरान भक्तों की वीडियोग्राफी भी कराई गई। इनमें लगभग 45 भक्तों से पूछा गया कि अन्नकूट खाने में ठीक लगा या नहीं। इस पर उन्होनें बताया अन्नकूट खाने में अच्छा है।
रात एक बजे तक चलता रहा भंडार, दो बजे तक पहुंचे थे भक्त
अचलेश्वर महादेव मंदिर पर कूपन लेकर पैकिंग प्रसादी लेने वाले भक्तों की भीड़ रात लगभग 12 बजे तक नटराज भवन के बाहर लगी रही। पुलिस प्रशासन रात को करीब 10 बजकर 30 मिनट पर पहुंचा। इसके बाद वहां पर लाइन लगाकर प्रसादी लेने की व्यवस्था की गई, लेकिन इससे पहले भक्त धक्के खाते नजर आए। प्लेट में पूरी और सब्जी लेकर प्रसादी ग्रहण करने का सिलसिला रात करीब एक बजे तक चलता रहा। इसके बाद प्रसादी का वितरण बंद कर दिया गया। हालांकि भक्त प्रसाद लेने के लिए रात दो बजे तक मंदिर पहुंचे।
एसडीएम लश्कर अनिल बनवारिया ने कहा कि अन्नकूट के आयोजन के दौरान सब्जी खराब होने की जानकारी सामने आने पर दो सैंपल फूड एंड सेफ्टी टीम से कराए गए। वीडियो भी बनवाए गए जिसमें अन्नकूट को लेकर पूछा गया है। सभी ने ठीक बताया। पचास हजार से ज्यादा लोगों ने अन्न्कूट को ग्रहण किया,कोई स्वास्थ्य संबंधी शिकायत नहीं मिली है। न्यास अध्यक्ष के इस्तीफे की जानकारी इंटरनेट मीडिया से मिली लेकिन अधिकारिक तौर पर नहीं मिला है।