10 हजार के इनामी बदमाश सहित दो लोगों को ग्रामीणों ने घेरकर मारा

Nov 08 2021

ग्वालियर। पंचायत के दौरान धमकाने के लएि पहुंचे तीन बदमाशों ने फायरिंग कर दी। इसी दौरान मौजूद करीब 50 से ज्यादा गांव वालों ने बदमाशों को घेर लिया। दो लोग भीड़ के बीच फंस गए। वहीं, तीसरा भाग गया। गांव वालों ने कुल्हाड़ी और पत्थर मार-मारकर दोनों की हत्या कर दी। घटना सोमवार सुबह 11 बजे शहर से 60 किलोमीटर दूर धरमपुरा गांव की है।
सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। दोनों गुंडों के शव पंचायत भवन के पास पड़े मिले हैं। दोनों बदमाशों की बंदूक और कट्टे व कारतूस का पट्टा पास ही पड़े मिले हैं। पुलिस ने शव को निगरानी में लेकर पोस्टमार्टम के लिए पहुंचा दिया है। मृतक बदमाशों की पहचान लाखन सिंह गड़रिया निवासी किटोरा, राजपाल बघेल निवासी दिनारा के रूप में हुई है। लाखन पर 10 हजार रुपए का इनाम है। अब पुलिस भीड़ में कौन-कौन शामिल था यह पड़ताल कर रही है।
गांव में रहने वाले राजेन्द्र बघेल और गजेन्द्र कुशवाह के परिवारों के बीच विवाद चल रहा है। राजेन्द्र के घर की लड़की से गजेन्द्र कुशवाह का अफेयर होने की बात पुलिस को पता चली है। इसी सिलसिले में धनतेरस के दिन राजेन्द्र बघेल के कहने पर 10 हजार का इनामी बदमाश लाखन गड़रिया अपने साथी राजपाल बघेल व बड़े भाई के साथ आया और गजेन्द्र की बेरहमी से मारपीट कर गया था। इस मामले में फरियादी पक्ष ने गिजोर्रा थाना में कोई भी शिकायत नहीं कराई थी। इसी विवाद को सुलझाने के लिए सोमवार सुबह 11 बजे गांव के चौपाल पर पंचायत लगी थी। एक तरफ राजेन्द्र बघेल का परिवार था और दूसरी ओर गजेन्द्र का परिवार था। अभी पंच दोनों की बातों को ध्यान से सुन रहे थे तभी वहां दो बाइक पर सवार होकर 3 बदमाश पहुंचते हैं।
बदमाशाों ने आते ही की फायरिंग
दो बाइक पर सवार 3 बदमाशों ने आते ही पंचायत की भीड़ में शामिल होकर हवाई फायरिंग शुरू कर दी। बदमाशों के फायरिंग करते ही भीड़ तितर बितर हो गई। बदमाशों ने पंचों से कहा कि यहां फैसला हम करेंगे। पर बदमाशों को नहीं पता था कि कुछ मिनट में गांव को लोग कुल्हाड़ी, डंडे व पत्थर लेकर खड़े हो गए। बदमाशों की नजर जब तक भीड़ पर पड़ी वह चारों तरफ से घेरे जा चुके थे।
भीड़ ने गर्दन, सिर में कुल्हाड़ी मारी, मुंह पर बार बार पत्थर पटके
गांव के लोगों ने जब उनको घेरा1 बदमाश भीड़ के बीच से निकलकर भाग गए, लेकिन हाथ में कट्टा और बंदूक लहरा रहे लाखन और राजपाल बघेल भीड़ में मॉब लिंचिंग के शिकार हो गए। भीड़ ने घेरकर उनके सिर पर कुल्हाड़ी से कई बार किए। जब वह जमीन पर गिर गए तो उनके मुंह पत्थर से कुचल दिए। राजपाल को चौपाल पर ही मारा, लेकिन लाखन बचने के लिए भागा। करीब 100 कदम की दूरी पर नाली में पैर पडऩे से वह गिरा और उसे भीड़ ने वहीं मौत के घाट उतार दिया।
लूट, हत्या के प्रयास के मामले हैं दर्ज
मारे गए बदमाश लाखन गड़रिया पर लूट, हत्या के प्रयास, अवैध वसूली के दर्जनों मामले दर्ज थे। उस पर पुलिस द्वारा 10 हजार रुपए का इनाम घोषित था। वह डबरा के किटोरा गांव का रहने वाला था, जबकि राजपाल दिनारा गांव का रहने वाला है। वहां से उसका पुलिस रिकॉर्ड निकलवा रही है। इनके अलावा दो भागने वालों में एक लाखन का भाई बताया जा रहा है दूसरा उसका साथी है। उनके नामों का खुलासा पुलिस ने अभी तक नहीं किया है।