भितरवार से अपह्त हुए किशोर का शव मणिखेड़ा इलाके में मिला, जीजा निकला हत्यारा

Oct 21 2021

ग्वालियर। दादा की हादसे में मौत के बाद मिले 15 लाख रुपए पर दामाद लालच में आ गया। उसने साले को घुमाने के बहाने जंगल में ले गया और उसकी गला घोंट कर हत्या कर दी। साले के मोबाइल से परिवार वालों को फोन करके 5 लाख रुपए फिरौती मांगी। फिरौती की मांग आते ही अफसर अलर्ट हुए और छात्र का सुराग लगाने के लिए क्राइम ब्रांच और भितरवार थाना पुलिस की दो टीमें बनाईं। पड़ताल में जुटी टीमों ने मात्र कुछ ही घंटों में किशोर का शव बरामद कर आरोपी को दबोच लिया है। घटना भितरवार थाना क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 9 रावत कॉलोनी की है। आरोपी बुआ का दामाद है।
एएसपी देहात जयराज कुबेर ने बताया कि भितरवार थाना क्षेत्र के वार्ड क्रमांक नौ रावत कॉलोनी निवासी पुष्पेन्द्र रावत पुत्र रामाधार सिंह रावत (17) मंगलवार की सुबह घर से निकला था। उसके बाद वह देर रात तक वापस नहीं आया तो परिजनों ने उसकी तलाश की, लेकिन उसका कहीं पर पता नहीं चला। इसके बाद बुधवार शाम करीब पांच बजे पिता के मोबाइल पर पुष्पेन्द्र के नंबर से कॉल आया और कॉल करने वाले ने पुष्पेन्द्र को जान से खत्म करने की धमकी देकर पांच लाख रुपए की फिरौती मांगी। फिरौती का कॉल आते ही परिजन थाने पहुंचे और मामले की शिकायत की। मामले का पता चलते ही वरिष्ठ अफसर भी मौके पर पहुंचे और जांच पड़ताल में जुट गए।
18 घंटे में खुलासा किया
घटना की गंभीरता को देखते हुए मामले की जांच के लिए दो टीमें बनाईं, जिसमें क्राइम ब्रांच थाना प्रभारी दामोदर गुप्ता, एएसआई राजवीर सोलंकी, आरक्षक रूपेश शर्मा, प्रमोद शर्मा एक टीम में व दूसरी टीम में भितरवार थाना प्रभारी राजकुमारी परमार व थाने का बल लगाया। मामले की जांच में जब पुलिस ने घर से निकलने के बाद कडिय़ां मिलाई तो पता चला कि आखिरी बार पुष्पेन्द्र दिनेश रावत के साथ देखा गया था। साथ ही पता चला कि दिनेश पुष्पेन्द्र की बुआ का दामाद है। इसका पता चलते ही पुलिस ने दिनेश को पकड़कर पूछताछ की तो उसने उसकी हत्या करना स्वीकार कर लिया। उक्त प्रकरण का खुलासा करने में थाना प्रभारी क्राई मब्रांच दामोदर गुप्ता, थाना प्रभारी भितरवार राजकुमारी परमार, दिलीप समाधिया, महेन्द्रपाल, राजीव सोलंकी, प्रमोद शर्मा, रूपेश शर्मा, भूपेन्द ्रश्रीवास्तव, उपेन्द्ररावत, अजब सिंह, अनिल शर्मा, मानवेन्द्र गुर्जर की सराहनीय भूमिका रही।
पंद्रह लाख मिले थे मृतक के परिवार को
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि कुछ माह पूर्व पुष्पेन्द्र के बाबा का देहांत हुआ था। परिवार को सहायता के रूप में पंद्रह लाख रुपए मिले थे। इन्ही रुपयों के लालच में वह पुष्पेन्द्र को नरवर किला और मड़ीखेड़ा डैम घुमाने का झांसा देकर ले गया। जंगल में उसकी हत्या कर दी। पुलिस ने मड़ीखेड़ा से पुष्पेन्द्र का शव बरामद कर आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
एसपी अमित सांघी ने जानकारी देते हुए बताया है कि साले की पांच लाख रुपए के लालच में अपहरण कर हत्या करने वाले आरोपी बहनोई को गिरफ्तार कर पूछताछ की जा रही है।