ग्वालियर में भारत बंद का शहर में दिखा मिला-जुला असर

Sep 27 2021

ग्वालियर। शहर में भारत बंद के दौरान बाजार बंद का मिला-जुला असर देखने को मिला। सुबह 9 बजे तक अधिकांश बाजार खुले रहे और महाराज बाड़ा, सराफा बाजार, लोहिया बाजार आदि प्रमुख बाजार पूर्ण रूप से बंद रहे। इस दौरान विभिन्न राजनेतिक दलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने व्यवसाईयों से स्वेच्छा से अपने-अपने प्रतिष्ठान बंद रखने का आग्रह किया। राजनेतिक दल के नेता टोलियां बनाकर विभिन्न बाजारों में ना सिर्फ घूतमे नजर आए बल्कि लोगों से बंद का समर्थन मांगते नजर आए और जो भी व्यवसाई प्रतिष्ठान खोले नजर आया उसके पास जाकर उससे प्रतिष्ठान बंद करने का आग्रह किया। इस दौरान स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस प्रशासन ने कड़े प्रबंध किए और शहर के प्रमुख चौराहों,बाजारों और प्रमुख मार्गों पर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा जिसके कारण कहीं भी किसी प्रकार की उपद्रव की घटना घटित नहीं हुई और कार्यकर्ताओं ने आग्रहपूर्वक लोगों से प्रतिष्ठान बंद कराने का अनुरोध किया।
किसानों की विभिन्न मांगों को लेकर
सोमवार को भारत बंद के आव्हान पर शहर में भी बंद का मिला-जुला असर देखने को मिला। हालांकि प्रमुख बाजारों पर सुबह से ही ताला पड़ा रहा और प्रतिष्ठान खोलने पर किसी प्रकार की असुविधा ना हो इसके लिए अधिकांश व्यवसाईयों ने अपने-अपने प्रतिष्ठान बंद रखे। हालांकि उपनगर ग्वालियर और मुरार में कुछ प्रतिष्ठान जरूर खुले नजर आए लेकिन लश्कर क्षेत्र में महाराज बाड़ा, सराफा, गांधी मार्केट, डीडवाना ओली, दही मंडी आदि क्षेत्र पूर्ण रूप से बंद रहा। बंद को ध्यान में रखते हुए सुबह सड़कों पर थोड़ी सी चहल-पहल नजर आई लेकिन सुबह दस बजे के बाद जैसे ही विभिन्न राजनेतिक दलों के कार्यकर्ता और पदाधिकारियों ने सड़कों पर मोर्चा संभाला वैसे ही सड़कों पर चहल-पहल कम हो गई और वाहन तो चलते नजर आए पर उनमें सवारियां इका-दुका ही नजर आईं। उधर बंद के दौरान टोलियों द्वारा व्यवसाईयों के साथ किसी प्रकार का उपद्रव ना हो इसके लिए जगह-जगह पुलिस बल मोर्चा संभाले रहा जिसके कारण प्रमुख दलों के नेता और कार्यकर्ता शांतिपूर्ण तरीके से व्यवसाईयों से दुकानें बंद करने का आग्रह करते हुए आगे बढ़ गए। 
विभिन्न दलों के कार्यकर्ता निकले सड़कों पर
बंद के समर्थन में विभिन्न राजनेतिक दलों के नेता और पदाधिकारियों टोलियां बनाकर सड़कों पर निकले और व्यवसाईयों से दुकानें बंद करने का आग्रह किया। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और प्रदेश महासचिव सुनील शर्मा अपने अनेक साथियों के साथ हजीरा और किलागेट क्षेत्र में वाहनों से निकले और दुकानदारों से दुकानें बंद करने का आग्रह किया। इस दौरा न जो भी दुकान खुली नजर आई उन्हें बंद करवाने और बंद का समर्थन करने की समझाइश दी। इसी प्रकार समाजवादी पार्टी व माकपा कार्यकर्ताओं ने भी व्यवसाईयों को अपने-अपने प्रतिष्ठान बंद रखने का आग्रह किया। 
पुलिस की रही पैनी नजर
बंद के दौरान किसी प्रकार का उपद्रव ना हो इसके लिए पुलिस प्रशासन ने पहले ही पूरी प्लानिंग कर ली थी और सोमवार को सुबह से ही शहर के विभिन्न चौराहों और प्रमुख बाजारों में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा जिसके कारण शहर भर में शांतिपूर्ण तरीके से बंद रहा और अधिकांश बाजार खुले रहे केवल महाराज बाड़ा क्षेत्र और लोहिया बाजार व दाल बाजार पूर्ण रूप से बंद रहे। उपनगर ग्वालियर में भी हजीरा और किलागेट क्षेत्र भी आधा अधूरा खुला रहा। 
नहीं चले टेम्पो, लोग हुए परेशान
कांग्रेस के भारत बंद में माक्र्सवादी कम्प्युनिष्ट पार्टी, सीटू के शामिल होने से सोमवार को शहर में सवारी वाहन दोपहर 12 बजे तक नहीं चले थे, क्योंकि ज्यादा सवारी वाहन के चालक सीटू के सदस्य हैं। ऐसे में ऐसे लोग जो प्रतिदिन सवारी वाहनों से अपने कार्यालय, दुकान या ऑफिस जाते हैं उनको काफी परेशानी हुई है। चौराहों पर लोग खड़े दिखाई दिए हैं। कोई ई-रिक्शा तो कोई लिफ्ट लेकर आगे तक पहुंचा है।
सीटू ने निकाली ट्रैक्टर रैली
भारत बंद के दौरान सीटू ने अपने ही अंदाज में प्रदर्शन किया है। सीटू के नेता अखिलेश यादव के नेतृत्व में टीम ने पुरानी छावनी से मोतीझील, बहोड़ापुर, हनुमान चौराहे, जनकगंज बाड़ा, सराफा होकर माकपा कार्यालय तक और वहां से फूलबाग तक ट्रैक्टर रैली निकाली है। साथ ही ट्रैक्टर रैली के माध्यम से कृषि कानून के बारे में लोगों को बताया है।