मुंहबोले बेटे और पोते ने ठगे 20 लाख रुपए

Sep 01 2021

ग्वालियर। एक बुजुर्ग रिटायर्ड टीचर के साथ उसके ही मुंहबोले बेटे-पोते ने 20 लाख रुपए की ठगी कर दी। महिला के कोई बच्चे नहीं हैं। उसके बाद सारा पैसा वैसे भी मुंहबोले बेटे के नाम ही होता, लेकिन आरोपी ने बिटकॉइन कंपनी में पैसा लगाकर कुछ ही समय में दोगुना होने और बाद में उससे कार, मकान खरीदने का लालच देकर जीवन भर की पूंजी हड़प ली। अब जब वृद्धा अपने रुपए मांग रही है तो बाप-बेटे धमका रहे हैं। पीडि़त वृद्धा ने पहले इंदरगंज थाना में शिकायत की, लेकिन कोई मदद नहीं मिली। अब वह एसपी ऑफिस पहुंची है। यहां एसपी ग्वालियर से मदद की गुहार लगाई है। यहां एएसपी सतेन्द्र सिंह ने मामले तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
ग्वालियर के इंदरगंज स्थित राम मंदिर चौराहा निवासी मुन्नीदेवी जैन रिटायर्ड स्कूल टीचर हैं। कुछ महीने पहले ही वह रिटायर्ड हुई हैं। पति का सालों पहले ही देहांत हो चुका है। अब वह अकेली रहती हैं। उन्होंने टीचर की नौकरी और पति की संपत्ति से करीब 20 लाख रुपए जमा किए थे। उनके कोई बच्चे नहीं थे तो उन्होंने अपने भतीजे देवेन्द्र जैन को ही बेटा मान लिया था। बेटा देवेन्द्र और पोता शुभ उर्फ शुभम जैन की नजर मुन्नीदेवी के पैसे पर थी। कुछ समय पहले मुंहबोले बेटे देवेन्द्र ने महिला को बताया कि बिटकॉइन कंपनी में पैसा लगाने पर कार मकान और पैसे के साथ-साथ काफी सारी चीजें कमाई जा सकती हैं। बुजुर्ग महिला को भी बिटकॉइन कंपनी में अच्छा मुनाफा दिखा तो उसने मुंहबोले बेटे के कहने पर कंपनी में 20 लाख रुपए लगा दिए। साथ ही उसे समय भी दिया गया कि कितने समय में उसका पैसा डबल हो जाएगा।
पैसे वापस लौटाने का समय आया तो दिखाया ठेंगा
जब मुन्नीदेवी के रुपए वापस लौटाने का समय आया तो पिता पुत्र ने उसे पहले आज कल की कहकर टहलाना शुरू कर दिया। जब महिला ने उन पर दबाव बनाया तो बाप-बेटे ने पैसे देने से इनकार कर दिया। जिंदगी भर की कमाई गई पूंजी डूबते देख बुजुर्ग महिला ने पुलिस थाने में इसकी शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं होने पर वह पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी एडिशनल एसपी सत्येंद्र तोमर के पास गई और अपनी आपबीती सुनाई। उसकी कहानी सुन तत्काल इंदरगंज थाना पुलिस को कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। जिसके बाद पुलिस ने जांच कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
बुजुर्ग महिला मुन्नी देवी जैन का कहना है कि मेरे पड़ोस में रहने वाला भतीजा और उसका बेटा मेरे पास आए उन्होंने कहा कि हमने कंपनी में पैसा लगाकर काफी सारा सामान और पैसा कमाया है। यह कहकर मुझसे भी कंपनी में 20 लाख रुपए लगवा दिए। जब पैसा वापस मांगा तो उन्होंने देने से इंकार कर दिया। मैंने इसकी शिकायत पुलिस थाने में की है लेकिन सुनवाई नहीं होने पर वरिष्ठ अधिकारियों को शिकायत की है उन्होंने कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। मुझे तो अपनों ने ही ठगा है।