बहोड़ापुर के शंकरपुर में नकली सीमेंट फैक्ट्री पकड़ी फैक्ट्री ,अल्ट्राटेक, एसीसी, मायसेम, प्रिज्म, अंबुजा ब्रांड की बोरी में भरकर मार्केट में करते थे सप्लाई

Aug 18 2021

ग्वालियर। नकली प्रॉडक्ट के लिए बदनाम ग्वालियर-चंबल अंचल में अब नकली सीमेंट भी मिली है। पुलिस और जिला प्रशासन ने संयुक्त रूप से छापा मार कर बहोड़ापुर के शंकरपुर में नकली सीमेंट बनाने की फैक्ट्री पकड़ी है। यहां अल्ट्राटेक, एसीसी, मायसेम, प्रिज्म, अंबुजा जैसे ब्रांड के नाम पर बैग में नकली सीमेंट भरकर मार्केट में सप्लाई की जा रही थी। फैक्ट्री से नकली सीमेंट से भरे 500 बोरे और काफी मात्रा में कच्चा माल मिला है।
करीब 4 महीने से यह नकली सीमेंट की फैक्ट्री चल रही थी। अंचल में ऐसी कई फैक्ट्री चल रही हैं। यह मार्केट से आधे कीमत पर सीमेंट उपलब्ध करा देते हैं। मंगलवार को ही ग्वालियर और दतिया में 2 जूता फैक्ट्री पर दबिश देकर मशीन सहित 4-5 करोड़ रुपए का नकली माल बरामद किया गया था। यहां तैयार नकली घी शिरडी तक मिल चुका है।
सीएसपी ग्वालियर नागेन्द्र सिंह सिकरवार ने बताया कि प्रशासन को सूचना मिली थी कि बहोड़ापुर क्षेत्र के शंकरपुर इलाके में नकली सीमेंट बनाई जा रही है। सूचना मिलते ही बहोड़ापुर थाना प्रभारी अमर सिंह सिकरवार, उपनिरीक्षक धर्मेन्द्र यादव, आरक्षक, धर्मेन्द्र तोमर, देवेन्द्र राजौरिया, इरफान खान, रामौत्तार धाकड़, मातादीन के साथ शंकरपुर स्थित फैक्ट्री में दबिश दी। पुलिस को देखते ही वहां काम कर रहे लोग भागने लगे। इस बीच, पुलिस ने एक कर्मचारी को पकड़ लिया। पूछताछ में उसने अपना नाम विष्णु राठौर निवासी गोल पहाडिय़ा बताया। पुलिस पूछताछ में पकड़े गए आरोपी ने बताया कि वह नकली फैक्ट्री का संचालक है जिसके बाद पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया।
20 मिनट में तैयार कर देते थे किसी भी ब्रांड की सीमेंट
पुलिस ने जब वहां छानबीन की तो वहां सभी ब्रांड की नकली सीमेंट की बोरियां मिली हैं। इनमें ज्यादातर अल्ट्राटेक, एसीसी, मायसेम, प्रिज्म, अंबुजा ब्रांड के बैग हैं। पुलिस ने नकली सीमेंट जब्त कर पकड़े गए आरोपी से पूछताछ शुरू कर दी है। उसने बताया कि ऑर्डर आते ही सिर्फ 20 मिनट में उसी ब्रांड की सीमेंट बनाकर तैयार कर लेते थे। इसके बाद पैकिंग कर माल ठिकाने लगा दिया जाता था।
कंपनी की तरफ से मिली थी शिकायत
नकली सीमेंट फैक्ट्री की शिकायत पुलिस को इन ब्रांच के एरिया सेल्स मैनेजर ने तीन दिन पहले दी थी। मामले की शिकायत की जांच की तो पता चला कि नकली सीमेंट की सप्लाई शंकरपुर से हो रही है। पता चलते ही बुधवार सुबह पुलिस ने दबिश दी और फैक्ट्री से नकली सीमेंट के साथ ही मुख्य आरोपी को दबोच लिया है।
125 रुपए का बैग 300 में बेचता था
आरोपी ने पूछताछ में बताया कि नकली सीमेंट से किसी भी ब्रांड की 50 किलो की बोरी 125 रुपए तक तैयार हो जाती है, जबकि मार्केट में इन ब्रांड की सीमेंट की कीमत 330 से 355 रुपए तक है। ऐसे में यह 300 रुपए में सीमेंट बेच रहा था।
मालगाड़ी में बचत का माल लाता था
जिस मकान में सीमेंट की फैक्ट्री चल रही थी, वह सलमान खान का है। सलमान ने बताया कि 4 महीने पहले मकान किराए पर लिया है। उसने बताया कि विष्णु राठौर ने बताया था कि रेलवे की मालगाड़ी में जो सीमेंट आती है। मालगाड़ी से माल खाली होने के बाद गाड़ी में काफी माल बच जाता है। उसे वह ठेका पर खरीदकर वापस बैग में रखकर बेचता था। हर दिन 200 से 300 बोरियां सीमेंट की सप्लाई होती थी।
मकान, कंपनी, सरकार सभी को नुकसान
नकली सीमेंट बनाने वाले सरकार को टैक्स की चपत तो लगा ही रहे थे, साथ ही ब्रांडेड कंपनियों को भी खासा नुकसान पहुंचा रहे थे। सबसे ज्यादा नुकसान तो उन लोगों को हो रहा था, जो गाढ़ी कमाई से अपने सपनों का घर बना रहे थे। इस सीमेंट के प्रयोग से मकान निर्माण की क्वालिटी का अंदाजा खुद ही लगाया जा सकता है।
पुलिस पूछताछ में जुटी
आरोपी के हाथ आने के बाद पुलिस अब पता लगा रही है कि वह कब से नकली सीमेंट बना रहा था और किस तरह इसे तैयार करता है। अभी तक वह कहा-कहा पर नकली सीमेंट सप्लाई कर चुका है। उसके साथ इस कारोबार में और कौन-कौन शामिल है। 
हितिका वासल एएसपी का इस बारे में कहना है कि बहोड़ापुर इलाके में नकली सीमेंट फैक्ट्री पकड़ी है, पुलिस को मौके से पांच सौ बोरी नकली सीमेंट के साथ ही मुख्य आरोपी भी हाथ लगा है। पुलिस पकड़े गए आरोपी से पूछताछ कर रही है।