दुष्कर्मके मामले में फिर प्रदेश बना अव्वल-गोविन्द सिंह

Aug 13 2021

ग्वालियर। शिवराज सरकार ने अगस्त माह में मानूसन सत्र सिर्फ चार दिन के लिए बुलाया और उसके बाद सिर्फ तीन घंटे कार्यवाही चलने के बाद सत्र स्थगित कर दिया। इससे साफ जाहिर होता है कि सरकार की सदन चलाने की मंशा नहीं है। अगर सरकार की मंशा होती तो कुछ देर के लिए सदन की कार्यवाही स्थगित कर दुबारा बुलाई जा सकती थी। यह बात प्रदेश के पूर्व मंत्री और लहार विधायक डॉ.गोविन्द सिंह ने आज पत्रकार वार्ता के दौरान कही। 
उन्होंने प्रदेश में काबिज शिवराज सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि सरकार द्वारा कोरोना काल में हुई मौतों के आकड़ों के साथ खेल खेला जा रहा है और आंकड़ों को छिपाया। कोरोना से हुई मौत को सामान्य मौत बताकर आंकड़ों के साथ छेड़छाड़ की जा रही है। इसके अलावा उन्होंने कहा कि प्रदेश में एक बार फिर से अपराधों का ग्राफ तेजी से बढ़ा है और बलात्कार के मामले में प्रदेश एक बार फिर से नंबर वन पर पहुंच गया है। आज प्रदेश में बहू-बेटियां सुरक्षित नहीं है और प्रदेश सरकार हाथ पर हाथ रखे बैठी है। 
डॉ.सिंह ने सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि प्रदेश में महंगाई चरम पर है और पिछले 42 साल में सबसे बड़ी महंगाई का सामना लोगों को करना पड़ रहा है। एक तो कोरोना के कारण लोग बुरी तरह से प्रभावित हो चुके हैं और बेरोजगार हो गए है ऊपर से महंगाई की मार ने लोगों को पूरी तरह से झकझोर कर रख दिया। महंगाई पर अंकुश लगाने में केन्द्र और प्रदेश सरकार पूरी तरह से असफल साबित हुई है। जिसके कारण आमजन में भारी आक्रोश व्याप्त है। इन्ही मुददों को लेकर विपक्ष सदन में चर्चा करना चाहता है पर सरकार इस पर चर्चा करने की बजाय शोर शराबे के बीच विधेयक पास कराकर सदन की कार्यवाही को स्थगित कर दिया जाता है ताकि अहम मुददों पर चर्चा ना हो सके। पत्रकार वार्ता में डॉ.गोविन्द सिंह के अलावा प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष रामनिवास रावत विधायक डॉ.सतीश सिंह सिकरवार, जिलाध्यक्ष डॉ.देवेन्द्र शर्मा सहित अन्य वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहे।