बारिश जारी: निचली बस्तियों में घुसा पानी, खतरा बरकरार

Jul 29 2021

ग्वालियर। गुरुवार को लगातार जिले में बारिश का चौथा दिन है। कल रात हल्की बारिश के बाद सुबह से जमीन में बैठने वाले पानी का दौर देखने को मिल रहा है। इस दौरान कहीं तेज तो कहीं रिमझिम बारिश होती रही। उधर लगातार बारिश से जिले के नदी-नाले उफान पर आ गए हैं। बारिश से मौसम सुहाना हो गया है। बारिश से सड़कों पर चहल-पहल कम नजर आ रही है। 
सुबह जल्द खुली रहने वाली दुकानें भी बंद नजर आई। इधर शहर में लगातार हो रही बारिश के कारण कॉलोनियों में कीचड़ के साथ पानी की निकासी की समस्या खड़ी हो रही है। लगातार बारिश के कारण कई वार्डों में नालियां चौक होने से बारिश का पानी सड़कों पर बह रहा है। नगर-निगम ने पानी की निकासी के लिए कोई व्यवस्था नहीं की है। 
बड़ी संख्या में कच्चे हैं मकान
लगातार बारिश से सड़कों का पानी गोल पहाडिय़ा क्षेत्र, लक्ष्मीगंज रोड से सटे संजय नगर, और तिघरा मार्ग से लगी कई निचली बस्तियों में पानी भर गया है। ऐहतियात के तौर पर अब तक संबंधित विभाग अलर्ट नहीं है। इसी प्रकार सतत वर्षा से स्वर्ण रेखा नाला में पानी ऊपर चल रहा है। 
निकासी नहीं होने से घरों में घुसा पानी
बस स्टैंड पर पानी भर गया है। कई खेतों ने पानी भरने से तालाब का रूप ले लिया। सुबह से ही कई प्रमुख मार्ग पर आवागमन बंद सा देाने को मिल रहा है। इधर नदी किनारे के गांवों में परेशानी बढ़ गई है। इस वजह से तिघरा के आसपास और हरसी के पास के गांव के लोगों को डर है।
पिकनिक पसंदों की बल्ले-बल्ले
लगभग तीन साल बाद ऐसा मौसम बना है, जब लोग पिकनिक का मजा जमकर ले पा रहे हैं। पहले पानी ठीक से नहीं बरसा, बीते साल कोरोना के चलते वह बरसात का मजा नहीं ले सके, इस बार भी आषाढ़ और सावन के सूखे आगाज से परेशान थे, लेकिन जब सिस्टम बना तो फिर सारे गिले शिकवे दूर हो गए। बरसात की झड़ी लग गई और पिरनिक पसंदों की बल्ले-बल्ले हो गई। आज तो लोग सुबह से ही अपने मित्रों और परिवार के साथ पिकनिक स्थानों की ओर रवाना हो गए, तिघरा पर तो जबरदस्त भीड़ है, वहीं भदावना पर लोग गिरते झरने के आसपास जमकर सेल्फी लेकर अपनी यादों को स्थायी बना रहे हैं, वहीं व्यंजनों का भी खूब स्वाद चख रहे हैं।
नाश्ते की दुकानों पर भीड़, घर में भी बदला मैन्यू
बरसात के मौसम में व्यंजन कुछ अधिक ही जायकेदार लगने लगते हैं। यही कारण है कि आज सुबह से मंगोड़े, कचौड़ी, समोसे, पकौड़ी खाने वालों की भीड़ शहर के उन स्थानों पर जुट रही है, जहां इस स्वाद को तैयार किया जाता है, फिर वह ठेले, गुमटी हों या बड़ी दुकान। चाय की भी खूब चुस्कियां ली जा रहीं हैं। उधर घरों में भी रोटी सब्जी और दाल की जगह ऐसे ही व्यंजनों की खुशबू महक रही है। यही नहीं लोग बाजार से समोसे, कचौड़ी और पकौड़ी पैक कराकर घर ले जाकर ले रहे हैं।