ग्वालियर में 9 साल से तलाश रही थी पुलिस, राजस्थान में मास्टर बना

Jul 23 2021

ग्वालियर। जिस धोखेबाज को पुलिस 9 साल से तलाश कर रही थी, वो जयपुर के राजस्थान के एक गांव में निजी स्कूल में शिक्षक बनकर पढ़ा रहा था। पुलिस आरोपी को 9 साल से धोखेबाजी के तीन अलग-अलग मामलों में तलाश रही थी। वह अपने बेटे के दोस्त के घर पर आया था। यहीं परिवार को उससे मिलना था, लेकिन पुलिस लगातार परिवार पर नजर रख रही थी। आरोपी के आते ही पुलिस की टीम ने धोखेबाज को गिरफ्तार कर लिया है।
हजीरा थाना पुलिस को काफी समय से पाताली हनुमान कांचमील निवासी रमेश सिंह (56) पुत्र हरी सिंह भदौरिया की तलाश थी। 11 साल पहले उसने तीन लोगों धोखा देकर पैसा हड़प लिया था। फरियादी अजय शर्मा, मकसूद खान से 3 लाख रुपए लेकर उन्हें चेक दिए थे, लेकिन रकम कभी नहीं लौटाई। साथ ही सतना निवासी रोहिणी प्रसाद गुप्ता के साथ ठेकेदारी करने का झांसा देकर ठगी की थी।
तीनों ने कोर्ट में उसके खिलाफ याचिका लगाई थी। 9 साल पहले आरोपी रमेश सिंह अचानक गायब हो गया था। तभी से पुलिस उसकी तलाश कर रही थी। एक-दो बार उसके घर के चक्कर लगाए तो घर वाले भी वहां से गायब हो गए। आरोपी ने पुलिस से बचने के लिए अपने परिवार का पता भी बदल दिया।
परिवार गोला का मंदिर के प्रगति विहार में रहने लगा। इसी बीच कोर्ट से उसके तीन स्थायी वारंट जारी हो चुके थे। इस मामले में सीएसपी महाराजपुरा रवि भदौरिया, टीआई हजीरा आलोक सिंह परिहार एएसआई शैलेंद्र सिंह चौहान को आरोपी को जल्द पकडऩे के लिए निर्देशित किया। एएसआई शैलेंद्र सिंह चौहान को सूचना मिली कि आरोपी सुभाष नगर में अपने एक बेटे के दोस्त के घर आया है। इस पर एसआई आंनद कुमार, एएसआई शैलेंद्र सिंह चौहान ने अपनी टीम के साथ दबिश देकर आरोपी रमेश सिंह भदौरिया को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार कर उसे कोर्ट में पेश किया गया है। जहां से उसे 10-10 हजार के तीन मुचलके पर कोविड को देखते हुए जमानत मिल गई है।
धोखेबाज राजस्थान में बन गया था मास्टर
आरोपी रमेश सिंह भदौरिया ने पुलिस पूछताछ में बताया कि यहां वारंट जारी होते ही सबसे पहले उसने परिवार का पता बदला। उसके बाद वह राजस्थान जयपुर के जोतपुरा गांव में पहुंचा। यहां एक स्कूल में मास्टर बन गया। यहां वह बच्चों को हिंदी और नैतिक शिक्षा पढ़ाता था। उसे पता था कि किसी भी अपराध के बाद कैसे अपने परिवार और समाज से दूर रहना पड़ता है। वहां किसी को नहीं पता था कि वह पीछे क्या करके आया है।