जरूरतमंदो को राशन व भोजन पैकेट वितरण किए

Apr 25 2021

ग्वालियर। लॉकडाउन के नियमों का पालन करते हुए जैन धर्म के चैबीसवें तीर्थंकर भगवान महावीर का 2620 वां जन्म कल्याणक दिवस   मनाया गया। महावीर जयंती को एक अलग रूप से भगवान महावीर का जन्मोत्सव घर-घर बडे धूमधाम व उत्सव के साथ मनाया गया। मुनिश्री विहर्ष सागर महाराज ने सकल सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुए भगवान का अभिषेक और पूजन के साथ जन्मोत्सव भी मनाया।
 जैन समाज के प्रवक्ता सचिन जैन आदर्श कलम ने बताया चंपाबाग धर्मशाला में विराजित राष्ट्रसंत मुनिश्री विहर्ष सागर महाराज एवं मुनिश्री विजयेश सागर महाराज ने मंत्रो के साथ भगवान महावीर स्वामी का अभिषेक और शांतिधार पंकज जैन राजू जैन परिवार ने की। रंगोली सज्जकार भगवान का पालन झूलाकर भगवान की दीपो से आरती की गई। जैन सिद्धक्षेत्र गोपचल पर्वत पर कमेंटी के श्यामलाल विजयर्गीय ने 141 फुट उचें जैन ध्वज का पूजन कर ध्वजारोहण किया। कमेटी के महामंत्री अजीत वरैया सहित पूजरियो ने भगवान महावीर स्वामी का अभिषेक के साथ पंचकल्याण विधान पूजन किया। वही लॉकडाउन के नियमों का पालन करते हुए जैन समाज के 85 जैन मदिर में केवल पूजारी भगवान महावीर स्वामी का अभिषेक किया। मंदिर में किसी को प्रवेश नही दिया गया। 
जैन समाज के प्रवक्ता सचिन जैन आदर्श कलम ने बताया कि 25 अप्रैल रविवार सुबह पुरुष वर्ग श्वेत परिधान व महिला वर्ग केसरिया वस्त्र पहनकर प्रात: 8: 00 बजे अपने घरों की छत, बालकनी में पहुंच कर घण्टा नाद कर वाद्ययंत्रों के साथ भगवान महावीर जन्मोंउत्सव के साथ भगवान के जीओ और जीने दो के सदेंशो के जय जयकार गूजेगे और लोगो ने भजन व बधाई गीतो पर डाडिया नृत्य कर Óमहामंत्र णमोकार मंत्र का जाप भी किया। घर में एक चौकी पर भगवान महावीर स्वामी की तस्वीर विराजमान कर रंगोली से सज्जवाट कर मंगल कलश स्थापित किए। समाजजनो ने दीप प्रज्वलित कर अष्टद्रव्य से पूजन कर महावीर अष्टक व चालीस का पाठ किया। शाम को बच्चे, युवा, महिलायें और बुजुर्ग अपने घरो में भगवान के पालना झूलने के साथ दीपक जलाकर भगवान की आरती और भक्तामर का पाठ किया। घर के मुख्य दरवाजे के बाहर रंगोली पर दीपको रखकर दीपो जन्मोत्सव मनाया। 
महावीर जयंती महोत्सव ने 1500 सौ पैकेट भोजन के वितरण करे
24 वें तीर्थंकर भगवान महावीर स्वामी जन्म कल्याणक पर श्री महावीर जयंती महोत्सव समिति अखिल जैन समाज वृहत्तर ग्वालियर ने राष्ट्रसंत मुनिश्री विहर्ष सागर महाराज की प्रेरणा आशीर्वाद से सोशल डिस्टेंडिंग का ध्यान रखते हुए 1500 सौ (सब्जी-पूडी-मिठाई के) भोजन के पैकेट, फल, मिठाई, दूध, बिस्किट, सूख राशन सामाग्री आदि के पैकेट चंपाबाग धर्मशाला नई सड़क पर तैयार कर अलग अलग स्थान जेएस हॉस्पिटल परिसर, केशर हॉस्पिटल, वृद्धआश्रम, गरीब बतिस्यो में जरूरतमंदो को वितरण किया। 
सब जीने की इच्छा रखते हैं इसलिए किसी को मारना या कष्ट पहुंचाना उचित नहीं है-मुनिश्री
मुनिश्री विहर्ष सागर महाराज ने कहा कि भारत एक धर्म प्रधान देश है। इस देश में अनेक महापुरुषों ने जन्म लिया है। जिनमें जैन धर्म के 24 वे तीर्थंकर भगवान महावीर है जिन्होंने पूरे विश्व को जियो और जीने दो का संदेश दिया है। आज उनका जन्म कल्याणक महोत्सव पूरा विश्व मना रहा है। उन्होंने अपने जीवन व विचारों से पूरे विश्व को जग के हित के मार्ग का प्रवर्तन किया है।