2021 जेम्स डायसन अवॉर्ड प्रविष्टियों के लिए खुला

Apr 23 2021

वर्ष 2005 से, जेम्स डायसन अवॉर्ड  ने आविष्कार करने वाले और उद्यमी स्नातकों और इंजीनियरिंग व डिज़ाइन के हाल के स्नातकों को ‘कुछ ऐसा डिजाइन करने की चुनौती दी है जो किसी समस्‍या का समाधान करती हो।’ व्‍यापक और खुली रखने जाने वाली इन छोटी-छोटी चुनौतियों का उद्देश्‍य यह है कि स्‍टूडेंट्स बड़ी समस्‍याएं हल कर सकें। पिछले विजेताओं ने अक्षय ऊर्जा उत्पादन, टिकाऊ प्लास्टिक के नए रूपों और चिकित्सा व कैंसर स्क्रीनिंग के समाधान ढूंढे हैं। जेम्स डायसन दो वैश्विक विजेताओं को चुनता है। इन्हें पैसा तो मिलता ही है, साथ ही, वैश्विक पहचान भी मिलती है। साथ ही, यह  वास्तविक जीवन के व्यावहारिक अनुप्रयोगों में अपने विचारों को ले जाने की दिशा में पहला कदम साबित होता है।

डायसन के संस्थापक और चीफ इंजीनियर जेम्स डायसन ने कहा, “युवा लोग दुनिया को बदलना चाहते हैं और यह अवार्ड उन्हें ऐसा करने के लिए महत्वपूर्ण फंडिंग, मान्यता और अपने विचारों को लॉन्च करने के लिए एक मंच प्रदान करता है। वे उल्लेखनीय रूप से सफल रहे हैं। 65 फीसदी अंतरराष्ट्रीय विजेता अपने विचारों को व्यवसायीकरण कर रहे हैं। यह तब है, जबकि 90 फीसदी स्टार्ट-अप विफल हो जाते हैं। मैं उन क्रांतिकारी आविष्कारों की तलाश में हूँ, जो स्थापित सोच को चुनौती देते हैं, और उस पर सवाल खड़े करते हैं। शुभकामनाएं। ’’

2020 में इन अवार्ड के लिए रिकॉर्ड संख्‍या में प्रविष्टियां प्राप्‍त हुईं और नए सस्‍टेनेबिलिटी प्राइज ने अपने पहले प्राप्तिकर्ता फिलीपींस की कार्वे एरेन मैगे द्वारा आविष्कृत ऑरिअस, को पुरस्‍कार दिया। अभियंताओं और वैज्ञानिकों ने एक स्थायी भविष्य बनाने में जो भूमिका निभाई है, उसे स्वीकार करते हुए, जेम्स डायसन अवार्ड ने पिछले साल  वैश्विक मान्यता वाले इस पुरस्कार की शुरुआत की, जो पर्यावरण के मुद्दों से निपटने वाले विचारों पर फोकस करता है और डायसन की न्यून इंजीनियरिंग के कम में ज्यादा करने के दर्शन को साझा करता है।
2021 में 2,900,000 रुपये के दो वैश्विक पुरस्कार जारी हैं: अंतर्राष्ट्रीय स्थायित्वपूर्णता विजेता (इंटरनेशनल सस्‍टेनेबिलिटी विनर) और समग्र अंतर्राष्ट्रीय विजेता (ओवरऑल इंटरनेशनल विनर)। लेकिन सबसे पहले, प्रत्येक भाग लेने वाले देश और क्षेत्र को एक राष्ट्रीय विजेता (रुपये  190,000 ) और दो राष्ट्रीय उपविजेता को पुरस्कार प्रदान करना होगा। जो लोग राष्ट्रीय पुरस्कार जीतते हैं, वे अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त करने की प्रक्रिया में आगे बढ़ते हैं।