ग्वालियर में 6 बीघा खेत में लहलहा रही थी अफीम की फसल, 3 करोड़ रुपए से ज्यादा है कीमत, एक गिरफ्तार

Feb 21 2021

ग्वालियर। शहर के डोंगरपुर में 6 बीघा खेत पर अफीम की लहलहाती फसल को जिला प्रशासन ने पकड़ा है। अफीम की कीमत करोड़ों में आंकी गई है। अफीम की फसल को निगरानी में लेने के बाद नारकोटिक्स डिपार्टमेंट को सूचना दी गई। नारकोटिक्स की टीम ने फसल को जब्त कर लिया है। मौके से एक युवक को भी गिरफ्तार किया गया है। जमीन मालिक नहीं मिले हैं। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की जा रही है।
जिला प्रशासन को काफी समय से सूचना मिल रही थी, शहर के सिरोल स्थित डोंगरपुर में बड़े स्तर पर अफीम की पैदावर की जा रही है। इसके बाद टीम ने जानकारी जुटाई जब सूचना पुख्ता निकली, तो एसडीएम विनोद भार्गव व तहसीलदार कुलदीप दुबे के नेतृत्व में प्रशासन ने पुलिस फोर्स लेकर डोंगर पुर के खेतों में दबिश दे दी। डोंगरपुर में करीब 6 बीघा जमीन पर अफीम की फसल लहलहा रही थी।
यह देखकर प्रशासन के अफसरों की आंखें फटी रह गईं। मामला एनडीपीएस एक्ट का होने पर तत्काल मामले की सूचना नारकोटिक्स विभाग को दी गई। जिस पर वहां से सीनियर इंस्पेक्टर रजनीश शर्मा के नेतृत्व में टीमें डोंगरपुर पहुंची। यहां से फसल की रखवाली कर रहे पूरन कुशवाह को गिरफ्तार कर खेतों में खड़ी फसल को नष्ट कराया गया। साथ ही, वह अफीम जब्त कर ले गए। आरोपी को भी नारकोटिक्स विभाग अपने साथ ले गया। मौके पर मिली अफीम की कीमत 3 करोड़ रुपए से अधिक बताई जा रही है।
इनकी जमीन पर हो रही थी अफीम की फसल
जिला प्रशासन की ओर से तहसीलदार कुलदीप दुबे ने बताया कि जिस जमीन पर अफीम की फसल हो रही थी वह डोंगर पुर के सर्वे क्रमांक 406, 407, 408 हैं। सर्वे क्रमांक 406 और 407 जानकी पत्नी दामोदर झवर के नाम पर है, जबकि सर्वे क्रमांक 408 तेज सिंह व कारोबारी सुनील गांधी के नाम पर है। अब इनकी भी नारकोटिक्स की टीमें तलाश कर रही हैं। इनमें झवर शहर के बड़े कारोबारी हैं। सुनील भी कारोबारी और बिल्डर्स होने के साथ-साथ एक पूर्व डीजी के रिश्तेदार बताए जाते हैं।
नारकोटिक्स को संदेह है कि यहां अफीम की पैदावार कर इसे अन्य राज्यों में सप्लाई किया जाता था। अब कहां सप्लाई किया जाता था यह पता नहीं चला है। पकड़े गए किसान पूरन कुशवाह कुछ ज्यादा नहीं बता पा रहा है। नारकोटिक्स की टीम जमीन मालिकों पर एक्शन ले रही है।