भगवान की शरण में जाने से नष्ट होता है अभिमान: शास्त्री

Jan 04 2021

ग्वालियर। बालाजी दरबार पारदी मोहल्ला शिंदे की छावनी चल रही संगीतमय श्रीमद् भागवत सप्ताह के दूसरे दिन भागवत आचार्य पंडित घनश्याम शास्त्री महाराज रिठौरा कलां वाले ने बताया कि जीवन में अभिमान नहीं होना चाहिए जब जीव में अभिमान आता है तब वह भगवान से दूर हो जाता है जीवन में जब संपत्ति सत्ता और विद्युता आए तो अभिमान आता है अभिमान से बचने का एक ही तरीका है हम भगवान के चरणों में समर्पित हो जाएं जब रावण को अभिमान आया तो श्रीराम ने अवतार लिया जब कंस को अभिमान आया तो श्री कृष्ण भगवान ने अवतार लिया शास्त्री ने बताया कि जब अभिमान आए तो शमशान के पांच चक्कर लगा कर आना तुमसे भी अच्छे इस शमशान में मिलेंगे इस अवसर पर बालाजी दरबार के महंत नरेंद्र मिश्रा पप्पी महाराज एवं सभी बालाजी दरबार के भक्त गण उपस्थित रहे।