प्लाज्मा कांड के आरोपी महेश मौर्य का जमानती आवेदन न्यायालय ने किया निरस्त

Dec 19 2020

ग्वालियर। प्लाज्मा कांड के आरोपी महेश मौर्य का जमानती आवेदन न्यायालय ने निरस्त कर दिया। न्यायालय ने दोनों पक्षों के तर्क सुनने के बाद जमानत आवेदन निरस्त किया है। मालूम हो कि दतिया के व्यापारी मनोज गुप्ता को कोरोना संक्रमित पाए जाने पर उपचार के लिए अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया था। हालत बिगडऩे पर मरीज के परिजन से अस्पताल प्रबंधन ने प्लाज्मा लाने को कहा था। 
मरीज के परिजन ने सिक्युरिटी गार्ड से मदद मांगी तो सिक्युरिटी गार्ड जगदीश ने महेश का मोबाइल नम्बर दिया था। मरीज के परिजन ने महेश से संपर्क कर उससे प्लाज्मा उपलब्ध कराने की बात की थी। महेश ने अठारह हज़ार रुपये लेकर मरीज के परिजन को प्लाज्मा उपलब्ध करवा दिया था। मरीज के परिजन ने आरोप लगाया कि प्लाज्मा चढ़ाने के बाद मरीज की मौत हो गई थी। मरीज के परिजन ने नकली प्लाज्मा होने की शिकायत पड़ाव थाने में दर्ज कराई थी। इस मामले में जांच के बाद महेश को भी आरोपी बनाया गया। पुलिस ने आरोपी महेश को गिरफ्तार किया था। महेश ने जिला एवं सत्र न्यायालय में जमानती आवेदन दिया था। शासन की ओर से पैरवी करते हुए लोक अभियोजक विजय कुमार शर्मा ने बताया है कि आरोपी का कृत्य गम्भीर प्रकृति का है। नकली प्लाज्मा बेचकर मरीज की जान से खिलवाड़ किया गया है। आरोपी ने रुपयों के लालच में आकर मानवता की सारी हदें पार कर दीं। ऐसे आरोपी की जमानत को निरस्त किया जाना न्याय हित में उचित होगा। न्यायालय ने दोनों पक्षों के सभी तर्क सुनने के बाद आरोपी महेश का जमानती आवेदन निरस्त कर दिया।