गिरवाई पर हो रहा हर रोज लाखों का कारोबार, पटाखा बाजार में न पानी न फायर ब्रिगेड

Nov 08 2020

ग्वालियर। दीपावली का त्योहार नजदीक आते ही पटाखा बाजार सजकर तैयार हो गया है और हर रोज लाखों रुपए का कारोबार व्यापारी कर रहे हैं लेकिन सुरक्षा के नाम पर कोई एहतियात नहीं बरती जा रही है। जिला प्रशासन के जिम्मेदार अधिकारी व पुलिस अफसर भी इस पटाखा बाजार पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं जिससे कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है। छोटी-मोटी आग लगने पर व्यापारी उसे काबू करने तक के लिए अपने आपको असहाय महसूस करेंगे क्योंकि न तो अब तक फायर सिस्टम लगाए गए हैं और न ही फायर ब्रिगेड खड़ी हुई है।
गिरवाई स्थित पटाखा बाजार सजकर तैयार हो गया है और खेरिज में मेला ग्राउंड में दुकानें लगाकर कारोबार करने वाले और गली मोहल्ले में पटाखा बेचने वालों से लेकर चलाने वाले तक खरीदारी करने के लिए पहुंच रहे हैं। गिरवाई स्थित पटाखा बाजार में 14 थोक की दुकानें हैं जहां हर रोज लाखों का कारोबार आतिशबाजी का हो रहा है। व्यापारी कारोबार करने में इतने व्यस्त हैं कि न तो अब तक फायर अफसरों को सूचना दी है और न ही सुरक्षा व्यवस्था के कोई इंतजाम किए हैं जिससे अगर कोई घटना होती है तो वह विकराल रूप ले सकती है। जिला प्रशासन भी सुरक्षा इंतजामों को लेकर बेपरवाह नजर आ रहा है। 
करोड़ों रुपए का भरा है माल
पटाखा बाजार में जिला प्रशासन द्वारा लाइसेंस देने के दौरान जो शर्तें बताई गई हंै उन शर्तों पर दुकानदार कितना खरा उतर रहे हैं इसका नजारा अभी हाल ही में शिकायत मिलने के बाद जिला प्रशासन की टीम ने निरीक्षण केदौरान देखा था और दुकानों को सील भी किया था लेकिन प्रशासन की मिलीभगत के चलते दुकानों के ताले खुल गए हैं। 
दुकानदारों ने दुकानों के साथ-साथ आसपास गोदाम बना रखे हैं जिनमें करोड़ों रुपए का माल भरा हुआ है। दुकानों के पास पहुंच रहे वाहन पटाखा बाजार में वैसे तो वाहनों को रोकने के लिए गेट पर ही सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया जाता है लेकिन इस बार व्यापारियों द्वारा कोई इंतजाम नहीं किया गया है, जिससे वाहन चालक अपने वाहनों को दुकानों तक लेकर पहुंच रहे हैं किसी भी वाहन से अगर कोई घटना हो गई तो पटाखा बाजार तबाह होने में देर नहीं लगेगी। नियमानुसार वाहनों को जवलनशील पदार्थों खासतौर पर पोटास और बारूद से दूर रखना चाहिए। 
नियमानुसार पटाखा बाजार में लाइसेंस के अनुसार माल होना चाहिए और बिजली मीटर दुकान के बाहर होना चाहिए। तार खुले नहीं रहना चाहिए, दुकान के पास पानी और बजरी की बाल्टियां रखी होनी चाहिए, पानी का टैंक भी बनवाना चाहिए। वाहनों को दूर रखना चाहिए, पास-पास व आमने- सामने दुकानें नहीं होना चाहिए। फायर ब्रिगेड को हमेशा खड़ी रहना चाहिए, फायर सिस्टम लगना चाहिए, लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं है।