प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाने से पहले उपभोक्ता की अनुमति अनिवार्य

Dec 07 2025

ग्वालियर। हाल ही में विधानसभा में पूछे गए एक सवाल के जवाब में प्रदेश के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने कहा है कि स्मार्ट मीटर लगने के लिए उपभोक्ता की अनुमति आवश्यक नही है।
मध्यप्रदेश बिजली उपभोक्ता एसोसिएशन की प्रदेश संयोजिका रचना अग्रवाल ने जारी बयान में कहा कि सच्चाई ये है कि बिद्युत कनेक्शन लेते समय विभाग उपभोक्ता से जो अनुबन्ध करता है, उसमे स्मार्ट प्रीपेड मीटर का कोई जिक्र नही है, यानी नवीन प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाने के लिए विभाग और उपभोक्ता के बीच कोई अनुबन्ध नही हुआ है। तो क्या प्रीपेड मीटर लगाने से पहले विभाग को उपभोक्ता के साथ नया अनुबंध नही करना चाहिए? जबकि प्रीपेड स्मार्ट मीटर पुराने सभी मीटरों से गुणात्मक रूप से बिल्कुल अलग है।
 विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 55 में उल्लेख है कि कंपनी उपभोक्ता को सही मीटर के जरिये ही बिजली प्रदान करेगी, और उपभोक्ता को भी सही मीटर से बिजली प्राप्त करने का अधिकार दिया गया है। तो फिर मौजूदा डिजिटल मीटर क्यों बदले जाएँगे। ये मीटर केंद्र सरकार की रिवेम्प्ड स्कीम के तहत लगाए जा रहे हैं, जो एक योजना है, कोई कानून नही! और केंद्र सरकार ने इन मीटरों को लगाने का सुझाव मात्र दिया है। ऊर्जा मंत्री का बयान कोई कानून नही होता है। अत: कंपनी को प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाने से पहले उपभोक्ता की अनुमति लेना अनिवार्य है।