शिव पुराण कथा सुनने भर मात्र से आप पापों से मुक्त हो जाते है:पंडित सतीश

Aug 29 2025

ग्वालियर। राधा की हवेली खाटू श्याम मंदिर बाई साहब की परेड लक्ष्मीगंज पर चल रहे 14वें वार्षिक महोत्सव के दौरान दूसरे दिन शिव पुराण कथा की शुरुआत कलश यात्रा से हुई। इस कलश यात्रा में भगवान गुप्तेश्वर की पालकी के साथ 51 महिलाएं अपने सिर पर कलश लेकर मंदिर परिसर तक पहुंची इसके बाद दोपहर1 बजे से कथा का वाचन प्रारंभ वृंदावन से आए पंडित सतीश कौशिक द्वारा शुरू किया गया।
कथा के दौरान प.सतीश कौशिक ने बताया बिना विकार लोभ स्वल्पाहार पर कथा का सेवन करना चाहिए शिव पुराण कथा के अंदर ही उन्होंने बताया देवराज नाम का एक ब्राह्मण जो बहुत धनवान था। उसे एक वैश्या से प्यार हुआ था वैश्या के प्यार में उसने अपने माता-पिता एवं पत्नी की हत्या कर दी। उसके बाद वह वैश्या उसका सारा पैसा लूट कर भाग गई। क्योंकि जीवन में वह पाप से ग्रसित था, कोड़ी हो गया भिक्षा मांगने के अलावा उसके पास कोई कार्य शेष नहीं बचा था। प्रयागराज पहुंचा और अंतिम जीवन के पलों में उसने शिव पुराण कथा सनी और अंत समय भोलेनाथ का नाम लेकर अपने प्राण त्यागे। भोलेनाथ ने उसे पाप मुक्त कर कैलाश पर्वत बुलाकर अपना गण बनाया एवं तुम्बरू नाम दिया।
 महोत्सव के मीडिया प्रभारी शिरीष गुप्ता गुड्डू भैया ने बताया कि शाम 8 बजे से नवग्रह कथा वाचक प. पंकज कृष्ण शास्त्री द्वारा निशुल्क ज्योतिष शिविर का आयोजन हुआ। शिविर में श्याम प्रेमियों ने अपनी जन्मपत्री दिखाकर ग्रहों का निवारण भी पूछा और जिसके पास जन्म पति नहीं थी कृष्ण कुंडली के आधार पर पंडित पंकज कृष्ण शास्त्री ने उनकी जन्म पत्री उन तक पहुंचाई।