1780 महिलाओं की जांच में 685 महिलाएं निकलीं हाईरिस्क गर्भवती

Aug 25 2025

ग्वालियर। जिले के दो दर्जन सरकारी अस्पतालों में सोमवार को एक साथ एचआरपी क्लीनिक लगाकर गर्भवती माताओं की जाँच की गई। इन क्लीनिकों पर 1780 गर्भवती महिलाओं की जांच की गई। इनमें से 685 महिलाओं को हाई रिस्क (अधिक जोखिम) गर्भवती माताओं के रूप में चिन्हित किया गया। इन महिलाओं को निर्धारित प्रोटोकॉल के तहत दवाएँ व उपचार उपलब्ध कराया गया। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत हर माह की 9 व 25 तारीख की चिन्हित स्वास्थ्य संस्थाओं में एचआरपी क्लीनिक लगाकर हाईरिस्क गर्भवती माताओं की जांच की जाती है।
ग्वालियर जिले में कलेक्टर श्रीमती रुचिका सिंह चौहान के निर्देशन में मातृ एवं शिशु मृत्यु दर पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से सुव्यवस्थित ढंग से प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के तहत हाईरिस्क गर्भवती माताओं के चिन्हांकन व जांच के साथ-साथ उन्हें जरूरी स्वास्थ्य सेवायें मुहैया कराई जा रही हैं।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सचिन श्रीवास्तव व जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. दीपाली माथुर से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले में सोमवार 25 अगस्त को लगाई गई एचआरपी क्लीनिक में 1780 गर्भवती महिलाओं की नि:शुल्क सोनोग्राफी, हीमोग्लोवबिन सहित खून की अन्य जांचे और यूरिन की जांच भी कराई गई। जाँच में 650 महिलाओं को हाई रिस्क गर्भवती माताओं के रूप में चिन्हित किया गया। इनमें से 16 महिलाओं को अस्पताल में भर्ती कराया गया। साथ ही 257 महिलाओं की अल्ट्रासोनोग्राफी जांच की गई। इस दौरान 153 महिलाओं को आयरन सुक्रोज इंजेक्शन लगाया गया। एचआरपी क्लीनिक में आईं महिलाओं को फल और पौष्टिक आहार भी उपलब्ध कराया गया। 
कलेक्टर श्रीमती चौहान ने चिन्हित हाई रिस्क गर्भवती माताओं का प्रसव होने तक लगातार फोलोअप कराने के निर्देश स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दिए है।