अपनी परंपरा और संस्कृति को अगली पीढ़ी तक पहुंचाना हमारी जिम्मेदारी:आदर्श दीदी

Apr 03 2025

ग्वालियर। प्रजापिता ब्रह्माकुमारीज ईश्वरीय विश्व विद्यालय के स्थानीय केंद्र प्रभु उपहार भवन माधौगंज केंद्र पर नव वर्ष (विक्रम संवत 2082), गुडी पड़वा एवं चैत्र नवरात्रि के पावन उपलक्ष्य में स्नेह मिलन का कार्यक्रम आयोजित हुआ।
कार्यक्रम में मुख्य रूप से पधारे साइंस कॉलेज जनभागीदारी समिति अध्यक्ष एवं आर्किटेक्ट अजय बंसल, टीएनसीपी सयुंक्त संचालक कृष्णकांत कुशवाह, ब्रह्माकुमारीज केंद्र प्रमुख राजयोगिनी आदर्श दीदी, समाजसेविका श्रीमती आशा सिंह, कॉन्फिडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स ग्वालियर की संस्थापक सदस्य एवं महिला उद्यमी श्रीमती रीना गांधी, बीके डॉ. गुरचरण सिंह, प्रेरक वक्ता बीके प्रहलाद भाई उपस्थित थे।
नवरात्री के पावन अवसर पर देवी माँ की सुंदर चैतन्य झांकी भी लगाई भी लगाईं गई थी। जिसके सभी ने दर्शन कर आशीर्वाद लिया। कार्यक्रम का शुभारम्भ माँ सरस्वती की पूजा बंदना कर दीप प्रज्वलन से हुआ।
तत्पश्चात ब्रह्माकुमारीज केंद्र प्रमुख राजयोगिनी बीके आदर्श दीदी ने सभी को नववर्ष एवं नवरात्री की हार्दिक शुभकामनाएं दीं और कहा कि हमें अपनी भारतीय परंपरा और संस्कृति को अगली पीढ़ी तक पहुंचाना हमारी जिम्मेदारी है। पहले संयुक्त परिवार होते थे तो बहुत सारी चीजे हमें अपने बुजुर्गो सीखते से सीखने को मिलती थीं लेकिन आज एकल परिवार है और माता पिता भी बच्चो को समय नहीं दे पा रहे है जिसका बच्चो पर प्रतिकूल असर पड रहा है। 
अजय बंसल ने नववर्ष और नवरात्री की शुभकामनायें देते हुए कहा कि जीवन में कुछ भी हो जाये घबराना नहीं चाहिए। कोई सब चीजें तय है अपना श्रेष्ठ कर्म करें और ईश्वर पर छोड़ दें उन्होंने एक चोपाई सुनाते हुए कहा कि होइहि सोइ जो राम रचि राखा इसलिए किसी बात के लिए चिंता न करें बच्चो को अच्छे संस्कार दें उनका जीवन निश्चित ही सुन्दर होगा इसलिए निश्चिन्त रहें। ब्रह्माकुमारीज केंद्र से एक दशक पूर्व जुडऩे का मौका मिला यहाँ आकर बहुत सुखद अनुभूति होती है।
कार्यक्रम में बीके डॉ गुरचरण सिंह ने संस्थान के द्वारा की जा रही गतिविधियों पर प्रकाश डाला और गुडी पड़वा, नव वर्ष, नवरात्री की सभी को शुभकामनाएँ दीं। और कहा कि ब्रह्माकुमारीज संस्थान निस्वार्थ भाव से जन कल्याण का कार्य पिछले नौ दसक से कर रहा है।
कार्यक्रम का कुशल संचालन करते हुए बीके प्रह्लाद भाई ने कहा कि जो जीवन में जो चाहिए वह दूसरों को देना प्रारंभ करें। तो आप हर सम्पन्न हो जाएंगे।
कार्यक्रम के अंत में सुनीता सुरेन्द्र बैस, रवि चित्रा, गोसाबी, विनोद पलक ढींगरा, शीला प्रभु दयाल, राजू, भारती श्रीवास्तव, सविता तिवारी आदि को सम्मानित भी किया गया। अंत में बीके जीतू भाई ने सभी का आभार व्यक्त किया।